Bihar Crime News: पटना जंक्शन से अपहृत बंटी यादव हत्याकांड का पटना पुलिस ने सनसनीखेज खुलासा किया है। पुलिस जांच में सामने आया है कि उत्तर प्रदेश से ट्रेन के जरिए होने वाले अवैध शराब के कारोबार से होने वाली कमाई में हिस्सेदारी को लेकर हुए विवाद ने इस हत्याकांड को जन्म दिया। पैसों के बंटवारे को लेकर शुरू हुआ विवाद इतना बढ़ गया कि आरोपियों ने पहले बंटी यादव का अपहरण किया और बाद में उसकी हत्या कर शव को खेत में मिट्टी और बालू के नीचे दबा दिया।
यह मामला जक्कनपुर थाना क्षेत्र निवासी किरण देवी की शिकायत पर दर्ज किया गया था। उन्होंने पुलिस को बताया था कि 6 जुलाई की रात उनका बेटा बंटी यादव पटना जंक्शन स्थित दूध मंडी में दही लेने गया था। इसी दौरान रविश कुमार उर्फ बीसी, रोहित कुमार और उनके कई साथियों ने बंटी के साथ मारपीट की और जबरन उसे अपने साथ ले गए। घटना का वीडियो भी पुलिस के हाथ लगा, जिसने जांच को महत्वपूर्ण दिशा दी।
मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी (विधि-व्यवस्था-01) के नेतृत्व में चार विशेष एसआईटी (SIT) टीमों का गठन किया। टीमों ने सीसीटीवी फुटेज, कॉल डिटेल रिकॉर्ड (CDR), टावर डंप, आईपीडीआर और सोशल मीडिया गतिविधियों का विश्लेषण करते हुए आरोपियों की तलाश शुरू की।
जांच के दौरान पुलिस ने सबसे पहले रोहित कुमार, बजरंगी कुमार और रवि कुमार को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में भेज दिया। पूछताछ के आधार पर 11 जुलाई को अथमलगोला थाना क्षेत्र के फुलेलपुर फोरलेन के नीचे एक खेत से मिट्टी और बालू में दबा बंटी यादव का शव बरामद किया गया।
इसके बाद पुलिस ने रौशन कुमार और अजीत कुमार सहनी को भी गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ में खुलासा हुआ कि मुख्य आरोपी रविश कुमार उर्फ बीसी और मोनी किन्नर उत्तर प्रदेश से ट्रेन के जरिए अवैध शराब मंगाकर उसका कारोबार करते थे। इस कारोबार से होने वाली कमाई में हिस्सेदारी को लेकर बंटी यादव और रविश के बीच लंबे समय से विवाद चल रहा था। इसी विवाद के चलते शंकर, रौशन, रोहित, सोनू, मोनी किन्नर, सूरज, बजरंगी और रवि ने मिलकर अपहरण और हत्या की पूरी साजिश रची।
पुलिस ने गिरफ्तार आरोपियों के पास से तीन मोबाइल फोन भी बरामद किए हैं। मामले के मुख्य साजिशकर्ता समेत अन्य फरार आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी की जा रही है। पुलिस का कहना है कि जल्द ही सभी आरोपियों को गिरफ्तार कर पूरे नेटवर्क का पर्दाफाश किया जाएगा।
एक दारोगा समेत 4 पुलिसकर्मी निलंबित
मामले में पटना सेंट्रल एसपी ममता कल्याणी ने एक दारोगा समेत 4 पुलिसकर्मियों को सस्पेंड कर दिया है। निलंबित पदाधिकारियों में एएसआई प्रवीण कुमार पंकज, एएसआई अवधेश कुमार, एएसआई वीर बहादुर सिंह और होमगार्ड जवान सुदर्शन प्रसाद शामिल हैं। ज्ञात हो कि कि 6 जुलाई को पटना जंक्शन हनुमान मंदिर के पास से बंटी यादव का अपहरण हुआ था। 5 दिन बाद अथमल गोला में उसका शव मिला था। अपहरण के दौरान ये सभी पदाधिकारी घटनास्थल से महज 100 मीटर की दूरी पर थे। इसके बावजूद इन्होंने कोई कार्रवाई नहीं की.


