तिसरी में ताजिया जुलूस के दौरान विदेशी झंडा लहराने पर बवाल
सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो पर प्रशासन सख्त, कार्रवाई की तैयारी
Giridih News: झारखंड के गिरिडीह जिले के तिसरी थाना क्षेत्र अंतर्गत चंदौरी गांव में मुहर्रम के अवसर पर निकाले गए ताजिया जुलूस के दौरान विवाद खड़ा हो गया है। सोशल मीडिया पर एक वीडियो तेजी से वायरल हो रहा है, जिसमें कुछ लोग भारत के राष्ट्रीय ध्वज और इस्लामी ध्वज के साथ-साथ फिलिस्तीन का झंडा भी लहराते नजर आ रहे हैं। यह जुलूस पुलिस की मौजूदगी में निकाला गया था।
इस वायरल वीडियो को लेकर भाजपा नेताओं ने कड़ी आपत्ति जताई है। तिसरी के भाजपा नेता कामेश्वर पासवान ने कहा कि भारत में किसी विदेशी देश का झंडा लहराना न केवल आपत्तिजनक है बल्कि देश की संप्रभुता का भी अपमान है। उन्होंने प्रशासन से मांग की है कि इस घटना की गंभीरता से जांच की जाए और दोषियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाए।
इस मामले पर जब खोरीमहुआ के एसडीपीओ से फोन पर बात की गई तो उन्होंने बताया कि घटना उनके संज्ञान में है। ताजिया जुलूस के दौरान फिलिस्तीन का झंडा लहराने की पुष्टि की जा रही है। वीडियो की जांच की जा रही है और दोषी व्यक्तियों की पहचान कर उनके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
गौरतलब है कि झारखंड जैसे संवेदनशील राज्य में इस तरह की घटनाएं सांप्रदायिक सौहार्द बिगाड़ सकती हैं। ऐसे में प्रशासन की भूमिका और अधिक जिम्मेदार बन जाती है। हालांकि, प्रशासन की ओर से अभी तक वीडियो की आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है, लेकिन पुलिस ने जांच शुरू कर दी है और स्थिति पर नजर रखी जा रही है। टूडे पोस्ट इस वायरल वीडियो की पुष्टि नही करता है।
करंट की संपर्क में आया तजिया, एक की मौत, आधा दर्जन घायल
गिरिडीह जिले के घोडथम्भा ओपी क्षेत्र के चांगोंसिंघा गांव में मुहर्रम के जुलुस के दौरान एक हृदयविदारक घटना होने से गांव में मातम पसर गया है. दरअसल चांगोंसिंघा गांव में मुहर्रम के दौरान ताजिया निकाला गया था। जिसमें एक स्टील का ताजिया भी शामिल था। जैसे ही ताजिया गांव से गुजर रहा था की अचानक ताजिया 11 हजार बॉल्ट तार की चपेट में आ गया। ताजिया में करंट दौड़ने के बाद एक युवक की घटनास्थल पर ही मौत हो गयी, जबकि आधा दर्जन लोग झुलस कर घायल हो गए। जिसमें दो की हालत गंभीर है। इधर घटना के बाद पुरे गांव में मातम पसरगया है. वंही घायलों को इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है। ग्रामीणों ने बिजली तार की ऊंचाई और सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल उठाए हैं।


