Nawada News: आर्थिक अपराध इकाई (ईओयू), पटना की टीम ने मंगलवार को नवादा जिला परिवहन कार्यालय में कार्रवाई करते हुए प्रधान लिपिक कन्हैया लाल को गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तारी डीटीओ कार्यालय परिसर से की गई। उन पर आपराधिक साजिश के तहत कथित फर्जीवाड़ा कर चोरी की स्कॉर्पियो का रजिस्ट्रेशन दूसरे व्यक्ति के नाम स्थानांतरित कराने में भूमिका निभाने का आरोप है। ईओयू की कार्रवाई के बाद कार्यालय परिसर में दिनभर हड़कंप की स्थिति रही।
ईओयू के अनुसार, मामला वर्ष 2021 का है। उस समय कन्हैया लाल गोपालगंज जिला परिवहन कार्यालय में लिपिक के पद पर कार्यरत थे। आरोप है कि उनके कार्यकाल के दौरान आरा स्थित वीर कुंवर सिंह विश्वविद्यालय के कुलपति के चालक राधेश्याम सिंह की चोरी हुई स्कॉर्पियो के रजिस्ट्रेशन से संबंधित रिकॉर्ड में कथित हेराफेरी की गई। इसके बाद वाहन का रजिस्ट्रेशन दूसरे व्यक्ति के नाम स्थानांतरित किए जाने का आरोप है।
मामले में पटना हाईकोर्ट के आदेश के बाद आर्थिक अपराध इकाई, पटना में 20 नवंबर 2025 को कांड संख्या 42/25 दर्ज किया गया था। जांच के दौरान कन्हैया लाल की भूमिका सामने आने के बाद उन्हें इस मामले में अप्राथमिकी अभियुक्त बनाया गया। इसी आधार पर मंगलवार को ईओयू की टीम नवादा पहुंची और डीटीओ कार्यालय से उन्हें गिरफ्तार कर लिया।
रिकॉर्ड में हेराफेरी की जांच
जांच एजेंसी चोरी के वाहन के रजिस्ट्रेशन से जुड़े दस्तावेजों और रिकॉर्ड में कथित बदलाव को अहम बिंदु मानकर जांच कर रही है। ईओयू यह पता लगाने में जुटी है कि चोरी के वाहन का रजिस्ट्रेशन दूसरे व्यक्ति के नाम किस प्रक्रिया के तहत और किन लोगों की भूमिका से स्थानांतरित किया गया।
मामले में गोपालगंज के तत्कालीन अधीक्षक, मद्य निषेध, नीलामी समिति के सदस्य और बीडर को भी प्राथमिकी अभियुक्त बनाया गया है। ईओयू की टीम संबंधित अधिकारियों और कर्मचारियों की भूमिका की भी जांच कर रही है। जांच के दौरान दस्तावेजों के अलावा अन्य साक्ष्यों को भी खंगाला जा रहा है।
आगे भी हो सकती है कार्रवाई
कन्हैया लाल की गिरफ्तारी के बाद ईओयू की टीम उन्हें अपने साथ ले गई। एजेंसी की ओर से मामले में आगे की कानूनी प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। सूत्रों के अनुसार, जांच के क्रम में अन्य संबंधित लोगों से पूछताछ की जा सकती है और मामले में आगे और कार्रवाई की संभावना है।कन्हैया लाल मूल रूप से पटना जिले के बेऊर थाना क्षेत्र के सिपाराडीह निवासी रामाकांत प्रसाद के पुत्र बताए जाते हैं।


