Chatra News: दीपावली से पहले मनाए जाने वाले धनतेरस पर्व को लेकर बाजारों में रौनक बढ़ने लगी है। सोना-चांदी, बर्तन, इलेक्ट्रॉनिक सामान और अन्य वस्तुओं की खरीदारी को लेकर लोगों में उत्साह है। इस वर्ष धनतेरस 6 नवंबर, शुक्रवार को मनाया जाएगा। ज्योतिषीय गणना के अनुसार, इस बार धनतेरस पर आयुष्मान योग और शुक्रवार का विशेष संयोग बन रहा है। ज्योतिषाचार्य आचार्य पंडित चेतन पाण्डेय के अनुसार, यह संयोग पांच राशियों के जातकों के लिए विशेष रूप से शुभ फलदायी हो सकता है।
आचार्य चेतन पाण्डेय ने बताया कि इस बार धनतेरस पर आयुष्मान योग के साथ प्रदोष काल और शुक्रवार का संयोग भी बन रहा है। धार्मिक मान्यताओं में शुक्रवार का दिन माता लक्ष्मी को समर्पित माना जाता है। ऐसे में धनतेरस पर इस दिन का विशेष महत्व है। उन्होंने बताया कि धनतेरस पर प्रदोष काल में खरीदारी करना शुभ माना जाता है।
उन्होंने कहा कि वैदिक ज्योतिष के अनुसार, इस वर्ष शुक्र ग्रह कन्या राशि में गोचर करेंगे। शुक्र को सुख, वैभव, ऐश्वर्य और भौतिक सुख-सुविधाओं का कारक माना जाता है। ज्योतिषीय मान्यताओं के अनुसार, इस ग्रह स्थिति का प्रभाव कुछ राशियों के करियर, कारोबार और आर्थिक जीवन पर सकारात्मक हो सकता है।
इन पांच राशियों के लिए शुभ संकेत
मिथुन राशि: इस राशि के जातकों के लिए शिक्षा, प्रेम संबंध और संतान से जुड़े मामलों में अनुकूल परिस्थितियां बन सकती हैं। प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे लोगों को सफलता के अवसर मिल सकते हैं। नए कार्य की शुरुआत के लिए भी समय सकारात्मक रह सकता है।
सिंह राशि: सिंह राशि वालों के पारिवारिक जीवन में सुख-शांति बढ़ने के संकेत हैं। घर में सुख-सुविधाओं का विस्तार हो सकता है। वाहन और संपत्ति खरीदने की योजना बना रहे लोगों के लिए भी अनुकूल समय माना जा रहा है।
तुला राशि: इस राशि के जातकों की आर्थिक स्थिति मजबूत होने की संभावना है। कार्यक्षेत्र में मान-सम्मान बढ़ सकता है और सामाजिक प्रतिष्ठा में वृद्धि के योग बन सकते हैं।
मकर राशि: नौकरीपेशा लोगों को पदोन्नति और कारोबारियों को व्यापार विस्तार के अवसर मिल सकते हैं। करियर में नए रास्ते खुलने से आर्थिक लाभ की संभावना है।
मीन राशि: मीन राशि के जातकों को अचानक धन लाभ और पैतृक संपत्ति से फायदा मिलने के संकेत हैं। रुके हुए कार्यों में प्रगति हो सकती है।
धनतेरस पर इन चीजों की खरीदारी से बचें
आचार्य चेतन पाण्डेय के अनुसार, धार्मिक मान्यताओं के मुताबिक धनतेरस पर नमक, लोहे से बनी वस्तुओं और कांटेदार चीजों की खरीदारी से परहेज करना चाहिए। वहीं, सोना-चांदी, बर्तन और अन्य शुभ वस्तुओं की खरीदारी का विशेष महत्व है।
उन्होंने कहा कि धनतेरस केवल खरीदारी का पर्व नहीं, बल्कि स्वास्थ्य, आरोग्य और समृद्धि का प्रतीक भी है। इस दिन भगवान धन्वंतरि और माता लक्ष्मी की विधि-विधान से पूजा कर परिवार की सुख-समृद्धि और खुशहाली की कामना की जाती है।


