Bihar News : पटना। बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने शनिवार को राजधानी पटना के बापू सभागार में आयोजित ‘भरोसे के च्वाइस पटना एडिशन’ के 11वें संस्करण का उद्घाटन करते हुए राज्य के विकास, निवेश, उद्योग, पर्यटन और सुशासन को लेकर सरकार की भावी योजनाओं का खाका प्रस्तुत किया। उन्होंने कहा कि विकसित भारत का सपना तभी साकार होगा, जब बिहार आर्थिक, सामाजिक और औद्योगिक रूप से मजबूत बनेगा।
मुख्यमंत्री ने अपने संबोधन में बिहार के गौरवशाली इतिहास का उल्लेख करते हुए कहा कि यह राज्य कभी ज्ञान, संस्कृति, शासन और सभ्यता का प्रमुख केंद्र रहा है। बिहार ने देश को स्वर्णिम युग प्रदान किया और लंबे समय तक राष्ट्र को दिशा देने का कार्य किया। उन्होंने कहा कि अब समय आ गया है कि ऐतिहासिक विरासत और सांस्कृतिक गौरव से प्रेरणा लेकर बिहार को विकास की नई ऊंचाइयों तक पहुंचाया जाए।
सम्राट चौधरी ने बिहार के प्रथम मुख्यमंत्री डॉ. श्रीकृष्ण सिंह के योगदान को याद करते हुए कहा कि उन्होंने राज्य के विकास की मजबूत नींव रखी थी। हालांकि राजनीतिक अस्थिरता के कारण कुछ दशकों तक विकास की रफ्तार प्रभावित रही, लेकिन वर्तमान सरकार दीर्घकालिक योजनाओं के माध्यम से राज्य को नई दिशा देने के लिए प्रतिबद्ध है।
मुख्यमंत्री ने पेशेवर वर्ग, विशेषकर चार्टर्ड अकाउंटेंट, कंपनी सेक्रेटरी, वित्तीय सलाहकारों और निवेश विशेषज्ञों से राज्य के विकास अभियान में सक्रिय भागीदारी निभाने की अपील की। उन्होंने कहा कि विशेषज्ञों का अनुभव बिहार की आर्थिक प्रगति में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकता है।
आधारभूत संरचना के विकास पर चर्चा करते हुए उन्होंने कहा कि बिहार की अधिकांश आबादी ग्रामीण क्षेत्रों में निवास करती है। ऐसे में ग्रामीण सड़क नेटवर्क को मजबूत बनाने के लिए व्यापक कार्य किए गए हैं और आज बिहार देश के बेहतर ग्रामीण सड़क नेटवर्क वाले राज्यों में गिना जाता है।
मुख्यमंत्री ने बताया कि राज्य सरकार 12 नई आधुनिक टाउनशिप विकसित करने की दिशा में तेजी से काम कर रही है। लगभग 6 लाख 25 हजार एकड़ भूमि पर प्रस्तावित इन परियोजनाओं में 6.5 लाख करोड़ रुपये तक के निवेश की संभावना है। इन टाउनशिप में औद्योगिक कॉरिडोर, इंडस्ट्रियल पार्क, आधुनिक आवास, स्वास्थ्य सेवाएं और शैक्षणिक संस्थान विकसित किए जाएंगे।
उन्होंने कहा कि उद्योगों को बढ़ावा देने के लिए ईज ऑफ डूइंग बिजनेस के तहत कई महत्वपूर्ण सुधार किए गए हैं। उद्योग स्थापना से जुड़ी अनुमतियां अब निर्धारित समयसीमा में उपलब्ध कराई जाएंगी। वहीं कानून-व्यवस्था को लेकर सरकार पूरी तरह सतर्क है और अपराध नियंत्रण को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जा रही है।
पर्यटन क्षेत्र का उल्लेख करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि बिहार धार्मिक, ऐतिहासिक और सांस्कृतिक दृष्टि से बेहद समृद्ध है। सरकार बोधगया, राजगीर, वाल्मीकिनगर, विक्रमशिला और अन्य प्रमुख स्थलों को वैश्विक पर्यटन मानचित्र पर स्थापित करने के लिए लगातार कार्य कर रही है।


