Nawada News: जिले के रजौली प्रखंड में शनिवार को एक बड़ा हादसा टल गया, जब हरदिया पंचायत के सिंगर गांव के समीप स्थित पुल एक ओवरलोड ट्रक के गुजरने के दौरान अचानक टूट गया। यह पुल फुलवरिया डैम से जंगली गांव को जोड़ने वाला प्रमुख संपर्क मार्ग था। पुल ध्वस्त होने के बाद आसपास के कई गांवों का मुख्यालय से सड़क संपर्क पूरी तरह बाधित हो गया है, जिससे ग्रामीणों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार रेलवे ट्रैक निर्माण कार्य में लगी निर्माण एजेंसी की सीमेंट से लदी एक भारी ट्रक पुल से गुजर रही थी। ट्रक के अत्यधिक भार को पुल सहन नहीं कर सका और देखते ही देखते उसका एक हिस्सा भरभराकर गिर गया। घटना के समय आसपास मौजूद लोगों में अफरा-तफरी मच गई। हालांकि स्थानीय ग्रामीणों और सिंचाई विभाग के कर्मियों ने तत्काल सतर्कता दिखाते हुए पुल पर आवागमन रोक दिया, जिससे किसी प्रकार की जनहानि नहीं हुई।
पुल टूटने के बाद जंगली गांव सहित आसपास के दर्जनों गांवों का आवागमन प्रभावित हो गया है। ग्रामीणों को अब दैनिक जरूरतों, इलाज, शिक्षा और बाजार तक पहुंचने के लिए लंबा वैकल्पिक रास्ता अपनाना पड़ रहा है। इससे लोगों की परेशानियां काफी बढ़ गई हैं।
स्थानीय लोगों का आरोप है कि रेलवे निर्माण कार्य में लगी एजेंसी लगातार क्षमता से अधिक वजन वाले ट्रकों का परिचालन ग्रामीण सड़कों और पुल-पुलियों से करा रही है। इसके कारण क्षेत्र की सड़कें और पुल लगातार क्षतिग्रस्त हो रहे हैं। ग्रामीणों का कहना है कि इस संबंध में पहले भी कई बार शिकायत की गई थी, लेकिन समय रहते कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया।
घटना के बाद ग्रामीणों में नाराजगी देखी जा रही है। लोगों ने प्रशासन से पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराने, जिम्मेदार निर्माण एजेंसी के खिलाफ कार्रवाई करने और क्षतिग्रस्त पुल का जल्द पुनर्निर्माण कराने की मांग की है। साथ ही जब तक नया पुल तैयार नहीं हो जाता, तब तक वैकल्पिक आवागमन की व्यवस्था सुनिश्चित करने की भी अपील की गई है, ताकि क्षेत्र के लोगों को राहत मिल सके।
प्रशासन की ओर से फिलहाल पुल के आसपास सुरक्षा के मद्देनजर आवाजाही पर रोक लगा दी गई है। अधिकारियों के निरीक्षण के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी। ग्रामीणों को उम्मीद है कि प्रशासन शीघ्र पहल कर संपर्क बहाल करेगा और भविष्य में इस तरह की घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए आवश्यक कदम उठाएगा।


