Buxar News: बिहार के बक्सर जिले के बगेन गोला थाना क्षेत्र से एक अनोखी प्रेम कहानी सामने आई है, जिसने पूरे इलाके में चर्चा का माहौल बना दिया है। यहां रहने वाली संध्या देवी और रूबी कुमारी ने सामाजिक परंपराओं और मान्यताओं को चुनौती देते हुए एक-दूसरे के साथ विवाह कर लिया। इस घटना को लेकर स्थानीय लोगों के बीच तरह-तरह की प्रतिक्रियाएं सामने आ रही हैं।
मिली जानकारी के अनुसार, संध्या देवी पहले से शादीशुदा हैं। उनका विवाह वर्ष 2010 में अतवारु यादव के साथ हुआ था। उनके पति वर्तमान में घर से बाहर रहकर निजी नौकरी करते हैं। संध्या देवी दो बच्चों की मां हैं, जिनमें एक 12 वर्षीय बेटी और 10 वर्षीय बेटा शामिल हैं। वहीं दूसरी ओर, रूबी कुमारी अविवाहित हैं और उनके पिता का नाम मनोज शाह बताया जा रहा है।
बताया जाता है कि संध्या और रूबी की मुलाकात कुछ समय पहले हुई थी। पिछले करीब 15 दिनों से दोनों एक साथ वीडियो बनाने का काम कर रही थीं। इसी दौरान उनकी दोस्ती गहरी होती गई और धीरे-धीरे यह रिश्ता प्रेम में बदल गया। एक-दूसरे के प्रति बढ़ती नजदीकियों के बाद दोनों ने अपने रिश्ते को नया नाम देने का फैसला किया।
इसके बाद दोनों महिलाएं उत्तर प्रदेश के प्रसिद्ध धार्मिक स्थल अष्टभुजी मंदिर पहुंचीं, जहां उन्होंने विधि-विधान से विवाह कर लिया। विवाह के बाद वे बक्सर लौटीं और यहां स्थित रामेश्वर नाथ मंदिर में भी पूजा-अर्चना की। इस दौरान दोनों ने एक-दूसरे को माला पहनाकर अपने रिश्ते को सार्वजनिक रूप से स्वीकार किया।
इस घटना के सामने आने के बाद पूरे इलाके में चर्चा तेज हो गई है। कुछ लोग इसे व्यक्तिगत स्वतंत्रता और प्रेम की मिसाल मान रहे हैं, जबकि कई लोग इसे सामाजिक परंपराओं के खिलाफ कदम बता रहे हैं। इस मामले ने समाज में बदलते रिश्तों और सोच को लेकर नई बहस छेड़ दी है।
फिलहाल, यह “अजब प्रेम की गजब कहानी” बक्सर और आसपास के क्षेत्रों में चर्चा का केंद्र बनी हुई है। लोग इसे अलग-अलग नजरिए से देख रहे हैं, लेकिन यह घटना समाज में बदलते दृष्टिकोण और रिश्तों की नई परिभाषा की ओर साफ इशारा करती है।


