Saran News: नेपाल के तराई क्षेत्र में लगातार हो रही मूसलाधार बारिश के बाद गंडक नदी का जलस्तर तेजी से बढ़ गया है। बराज से बड़ी मात्रा में पानी छोड़े जाने के बाद नदी का दबाव बढ़ने से सारण जिले में बाढ़ की स्थिति गंभीर हो गई है। जिले के बाघाकोल और हैज़लपुर के समीप गंडक नदी का तटबंध अचानक टूट गया। तटबंध टूटते ही बाढ़ का पानी तेजी से आसपास के ग्रामीण इलाकों में फैलने लगा।
बांध टूटने की सूचना मिलते ही जिला प्रशासन और पुलिस की टीम सक्रिय हो गई। जिलाधिकारी वैभव श्रीवास्तव और वरीय पुलिस अधीक्षक रौशन कुमार ने मौके पर पहुंचकर स्थिति का जायजा लिया। अधिकारियों ने संबंधित विभाग के पदाधिकारियों को तत्काल तटबंध की मरम्मत कराने तथा प्रभावित इलाकों से लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाने का निर्देश दिया।

तटबंध टूटने के बाद आसपास के कई इलाकों में पानी तेजी से फैलने लगा। इससे ग्रामीणों में दहशत का माहौल है। प्रशासन की ओर से लोगों से सुरक्षित स्थानों पर जाने और अनावश्यक रूप से बाढ़ प्रभावित इलाकों में नहीं रहने की अपील की जा रही है।
प्रशासन ने राहत और बचाव अभियान तेज कर दिया है। जलजमाव वाले मकानों और निचले इलाकों में फंसे लोगों को मोटर बोट के माध्यम से सुरक्षित स्थानों तक पहुंचाया जा रहा है। बचाव दल की प्राथमिकता घरों में फंसे लोगों, बुजुर्गों, बच्चों और अन्य जरूरतमंद लोगों को सुरक्षित निकालना है।
बाढ़ प्रभावित लोगों के लिए सामुदायिक रसोई भी शुरू की गई है। यहां लोगों को दोनों समय भोजन उपलब्ध कराया जा रहा है। प्रशासन की ओर से प्रभावित क्षेत्रों में स्वास्थ्य कैंप लगाने के साथ-साथ आवश्यक दवाओं और स्वास्थ्य सेवाओं की व्यवस्था की जा रही है।
बाढ़ के कारण पशुओं के लिए भी संकट की स्थिति पैदा हो गई है। इसे देखते हुए प्रभावित इलाकों में मवेशियों के लिए चारा उपलब्ध कराने की व्यवस्था की गई है। प्रशासन की टीमें लगातार प्रभावित क्षेत्रों में स्थिति पर नजर रख रही हैं।
वहीं, जल संसाधन विभाग की टीम क्षतिग्रस्त तटबंध की मरम्मत में जुटी हुई है। अधिकारियों का प्रयास है कि टूटे हुए हिस्से को जल्द से जल्द नियंत्रित कर पानी के फैलाव को रोका जा सके। लगातार बढ़ते जलस्तर के बीच प्रशासन ने लोगों को सतर्क रहने और किसी भी आपात स्थिति में स्थानीय प्रशासन से संपर्क करने की अपील की है।


