HMIS Implementation in Jharkhand: झारखंड के स्वास्थ्य विभाग ने राज्य के सभी निजी अस्पतालों के लिए बड़ा और सख्त निर्देश जारी किया है। विभाग ने साफ कहा है कि 10 अप्रैल 2026 तक हर हाल में एचएमआईएस (हेल्थ मैनेजमेंट इनफॉरमेशन सिस्टम) लागू करना होगा। यह फैसला आयुष्मान भारत डिजिटल मिशन के तहत लिया गया है, जिसका मकसद राज्य में स्वास्थ्य सेवाओं को पूरी तरह डिजिटल और पारदर्शी बनाना है। इस आदेश के बाद अब अस्पतालों की कार्यप्रणाली में बड़ा बदलाव देखने को मिलेगा।
अस्पतालों के साथ फार्मेसी को भी अलर्ट
सिर्फ अस्पताल ही नहीं, बल्कि राज्य की सभी फार्मेसी को भी 09 अप्रैल तक हेल्थ फैसिलिटी रजिस्ट्री पूरी करने का निर्देश दिया गया है। स्वास्थ्य विभाग के अपर सचिव विद्यानंद शर्मा पंकज ने समीक्षा बैठक के दौरान इस बात पर जोर दिया कि सभी संस्थान तय समय सीमा के भीतर रजिस्ट्रेशन और डिजिटल सिस्टम को लागू करें। यह कदम मरीजों के रिकॉर्ड को एकीकृत और सुरक्षित बनाने की दिशा में अहम माना जा रहा है।
डॉक्टर-नर्स का 100% रजिस्ट्रेशन जरूरी
बैठक में यह भी निर्देश दिया गया कि जिन निजी अस्पतालों को मॉडल फैसिलिटी बनाया गया है, वहां 09 अप्रैल तक एबीडीएम आधारित एचएमआईएस अनिवार्य रूप से लागू किया जाए। साथ ही इन अस्पतालों में कार्यरत डॉक्टरों और नर्सों का 100 प्रतिशत हेल्थ प्रोफेशनल रजिस्ट्रेशन सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए गए हैं। इससे मरीजों को प्रमाणित और बेहतर चिकित्सा सेवाएं मिलने की उम्मीद है।
डिजिटल हेल्थ मिशन को मिलेगी रफ्तार
सरकार का लक्ष्य है कि 10 अप्रैल 2026 तक राज्य के सभी जिला अस्पतालों में ओपीडी, ई-प्रिस्क्रिप्शन, आईपीडी, डिस्चार्ज समरी और लैब रिपोर्ट जैसी सेवाएं पूरी तरह ऑनलाइन हो जाएं। सी-डैक के सहयोग से इन सेवाओं को लाइव करने की तैयारी जोरों पर है। इससे मरीजों को लंबी कतारों और कागजी प्रक्रियाओं से राहत मिलेगी।
BSNL को सख्त निर्देश: हर स्वास्थ्य केंद्र में वाई-फाई जरूरी
समीक्षा बैठक में बीएसएनएल को भी कड़े निर्देश दिए गए हैं। विभाग ने कहा है कि 10 अप्रैल से पहले सभी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों में वाई-फाई सुविधा सुचारू रूप से चालू कर दी जाए। ताकि डिजिटल सिस्टम बिना किसी रुकावट के काम कर सके। तकनीकी समस्याओं को जल्द से जल्द दूर करने का भी आश्वासन दिया गया है।
10 अप्रैल को राज्यस्तरीय वर्कशॉप
स्वास्थ्य विभाग ने 10 अप्रैल 2026 को रांची में राज्यस्तरीय वर्कशॉप आयोजित करने का भी ऐलान किया है। इसमें भारत सरकार और नेशनल हेल्थ अथॉरिटी के वरिष्ठ अधिकारी शामिल होंगे। इस दौरान एबीडीएम के तहत बेहतर प्रदर्शन करने वाले कर्मियों को सम्मानित भी किया जाएगा।

