Nalanda News: बिहार में लागू शराबबंदी के बावजूद तस्कर लगातार नए-नए हथकंडे अपनाकर शराब की तस्करी कर रहे हैं। इसी कड़ी में उत्पाद विभाग की टीम ने गुरुवार को बड़ी कार्रवाई करते हुए एम्बुलेंस के तहखाने से 129 लीटर विदेशी शराब बरामद की। इस दौरान कुख्यात शराब माफिया समेत तीन लोगों को गिरफ्तार किया गया, जिनमें एक महिला भी शामिल है, जिसे नकली मरीज बनाकर एम्बुलेंस में लिटाया गया था।
उत्पाद अधीक्षक लाला अजय कुमार सुमन ने बताया कि विभाग को लगातार सूचना मिल रही थी कि यूपी से एम्बुलेंस के जरिए शराब की खेप लाई जा रही है। गुरुवार को करायपरसुराय इलाके में छापेमारी कर लौट रही टीम को मकरौता मोड़ के पास एक संदिग्ध एम्बुलेंस दिखाई दी। एम्बुलेंस तेज रफ्तार में पुलिस वाहन के पास आई और अचानक सायरन बजाकर भागने लगी। शक होने पर पुलिस ने पीछा किया और रोककर जब तलाशी ली तो तहखाने और बॉक्स में भारी मात्रा में शराब छिपी मिली।
एम्बुलेंस के ऊपर महिला मरीज की तरह लेटी थी, जबकि उसके नीचे 129 लीटर एटीपीएम ब्रांड की विदेशी शराब रखी गई थी। पुलिस ने मौके से तीन अलग-अलग राज्यों — झारखंड, यूपी और बिहार की नंबर प्लेट भी जब्त की।गिरफ्तार आरोपियों में हिलसा थाना क्षेत्र के दयालपुर गांव निवासी कुख्यात शराब माफिया सतीश कुमार, पुना गांव का बाल्मीकि यादव और नगरनौसा की रहने वाली महिला शामिल है। पूछताछ में खुलासा हुआ कि महिला को हर बार नकली मरीज बनने के लिए 1500 रुपये दिए जाते थे।
उत्पाद विभाग के अनुसार गिरोह का मास्टरमाइंड सतीश कुमार है, जिसके खिलाफ पहले से कई जिलों में मामले दर्ज हैं। आरोपियों ने माना कि वे हर महीने दो से तीन बार यूपी से शराब की खेप मंगाते थे।गिरफ्तार तीनों के खिलाफ मद्य निषेध अधिनियम के तहत मामला दर्ज कर लिया गया है। इस छापेमारी में धर्मेंद्र कुमार, अवर निरीक्षक पुष्पा कुमारी, सहायक अवर निरीक्षक निरंजन कुमार समेत सशस्त्र बल की टीम शामिल रही।

