Patna News: राजधानी पटना में कांग्रेस की पलायन रोको-नौकरी दो पदयात्रा के दौरान आज भारी हंगामा हुआ है। पटना के डाकबंगला चौराहा पर पुलिस और कांग्रेस कार्यकर्ताओं के बीच तीखी नोकझोंक हुई है। कांग्रेस कार्यकर्ता प्रतिबंधित क्षेत्र में घुसने की कोशिश कर रहे थे, जिन्हें रोकने के लिए पुलिस ने वाटर कैनन का इस्तेमाल किया है। मौके पर बड़ी संख्या में पुलिस बल को तैनात किया गया है।
कांग्रेस ने बिहार में पलायन रोकने और युवाओं को नौकरी देने को मुद्दा बनाकर सरकार को घेरने के लिए पदयात्रा की शुरुआत की थी।
पिछले दिनों कांग्रेस नेता राहुल गांधी भी बेगूसराय पहुंचे थे और इस पदयात्रा में शामिल हुए थे। आज पटना में इस पदय़ात्रा का समापन होना है। कांग्रेस नेता कन्हैया के नेतृत्व में निकाले गए इश पदयात्रा में बड़ी संख्या में पार्टी के कार्यकर्ता शामिल हुए हैं। पदयात्रा के दौरान कांग्रेसी आज मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के आवास का घेराव करनेवाले थे। जैसे ही कांग्रेस नेता मुख्यमंत्री आवास की तरफ बढ़े डाकबंगला चौराहा पर पुलिस ने उन्हे आगे जाने से रोक दिया।
पुलिस के रोके जाने पर कांग्रेस कार्यकर्ता उग्र हो गए और पुलिस से नोकझोंक शुरू कर दी। देखते ही देखते कांग्रेस कार्यकर्ता बेकाबू हो गए जिसके बाद पुलिस ने उन्हें रोकने के लिए वाटर कैनन का इस्तेमाल किया। पुलिस ने वाटर कैनन का इस्तेमाल कर प्रदर्शन कर रहे कांग्रेस नेताओं को तितर-बितर कर दिया है हालांकि वह पीछे हटने को तैयार नहीं है। कहा जा रहा है कि पुलिस ने कांग्रेस नेता कन्हैया कुमार को हिरासत में ले लिया है। बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ता डाकबंगला चौराहा पर सरकार के खिलाफ नारेबाजी कर रहे हैं।
बिहार से युवाओं के पलायन पर सचिन पायलट ने नीतीश सरकार से पूछे सवाल
पटना में कांग्रेस की ‘पलायन रोको, नौकरी दो’- पदयात्रा में शामिल हुए कांग्रेस नेता सचिन पायलट ने कहा कि सरकार को बिहार से लाखों की संख्या में जारी पलायन को रोकना चाहिए। उन्होंने आरोप लगाया कि पलायन रोकने को लेकर सरकार केवल गुमराह करने के आंकड़े जारी करती है जबकि वास्तविकता इससे कोसों दूर है।
कांग्रेस नेता और अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी (एआईसीसी) के महासचिव सचिन पायलट ने कहा कि बिहार के करोड़ों युवा नौकरियों की तलाश में अन्य स्थानों पर पलायन के लिए मजबूर हैं। युवाओं का भविष्य अंधकारमय होता जा रहा है और स्नातकोत्तर की पढ़ाई पूरी करने के बाद भी उन्हें नौकरी नहीं मिल रही है। पायलट ने कहा कि सार्वजनिक क्षेत्र की संस्थाओं को बेचने और सरकारी पदों को खाली छोड़ने के कारण रोजगार के अवसर कम हो रहे हैं।
पदयात्रा का नेतृत्व कन्हैया कुमार ने किया बिहार में ‘पलायन रोको, नौकरी दो’ पदयात्रा का नेतृत्व एनएसयूआई के राष्ट्रीय प्रभारी कन्हैया कुमार ने किया। पदयात्रा के दौरान शुक्रवार को कन्हैया कुमार और कांग्रेस के अन्य कार्यकर्ताओं ने मुख्यमंत्री आवास की ओर जाने की कोशिश की। यूथ कांग्रेस कार्यकर्ता मुख्यमंत्री आवास का घेराव कर नीतीश कुमार को ज्ञापन सौंपना चाहते थे। यहां उनकी पुलिस के साथ झड़प हो गई। पुलिस ने कन्हैया कुमार सहित कई कांग्रेस कार्यकर्ताओं को हिरासत में ले लिया और उन्हें कोतवाली थाना लाया गया है।

