Patna News:- बिहार में नई सरकार गठन की प्रक्रिया अब अंतिम चरण में पहुंच चुकी है। इसी क्रम में राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (राजग) विधायक दल की अहम बैठक आज दोपहर तीन बजे आयोजित की जाएगी। यह बैठक विधानसभा के विस्तारित भवन के सेंट्रल हॉल में होगी, जहां सर्वसम्मति से नीतीश कुमार को राजग विधायक दल का नेता चुने जाने की पूरी संभावना जताई जा रही है। उनके चयन के साथ ही राज्य में नई सरकार गठन की प्रक्रिया औपचारिक रूप से आगे बढ़ जाएगी।
गुरुवार को पटना के ऐतिहासिक गांधी मैदान में भव्य शपथग्रहण समारोह आयोजित किया जाएगा। इसमें नीतीश कुमार एक बार फिर मुख्यमंत्री पद की शपथ लेंगे। उनके साथ उप मुख्यमंत्री और मंत्रिपरिषद के नए सदस्यों को भी पद और गोपनीयता की शपथ दिलाई जाएगी। समारोह की तैयारियों का नीतीश कुमार ने मंगलवार शाम स्वयं निरीक्षण किया और अधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिए।
राजग की बैठक से पहले दिन में कई महत्वपूर्ण राजनीतिक गतिविधियाँ भी निर्धारित हैं। सुबह 10 बजे भाजपा विधायक दल की बैठक प्रदेश कार्यालय स्थित अटल सभागार में होगी, जिसमें 89 नवनिर्वाचित विधायकों को बुलाया गया है। भाजपा विधायक दल के नेता के चुनाव के लिए उत्तर प्रदेश के उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य को केंद्रीय पर्यवेक्षक बनाया गया है। केंद्रीय मंत्री अर्जुन राम मेघवाल और साध्वी निरंजन ज्योति सह-पर्यवेक्षक के रूप में मौजूद रहेंगे। ये दोनों नेता मंगलवार रात ही पटना पहुंच चुके हैं।
इसके अलावा, सुबह 11 बजे मुख्यमंत्री आवास पर जदयू विधायक दल की बैठक होगी, जिसमें पार्टी अपने विधायक दल के नेता का चयन करेगी। सभी दलों की बैठकों और नेतृत्व चयन की प्रक्रिया पूरी होने के बाद शपथग्रहण से ठीक पहले मंत्रियों की अंतिम सूची तय की जाएगी।
इस बीच, 17वीं बिहार विधानसभा को बुधवार को आधिकारिक रूप से भंग किया जाएगा। सोमवार को राज्य कैबिनेट ने विधानसभा भंग करने के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी थी, जिसके बाद मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने राज्यपाल आरिफ मोहम्मद खान को पत्र भेजकर इसकी अनुशंसा की।
नई सरकार में विभागों के बंटवारे को लेकर संतुलन बनाने के साथ कुछ नए चेहरों को भी मौका मिलने की संभावना जताई जा रही है।

