बाइक चोरी कर बदल देते थे इंजन-चेसिस नंबर, रामगढ़ पुलिस ने सात आरोपितों को दबोचा
Ramgarh News: झारखंड में बाइक चोरी की लगातार हो रही घटनाओं के बीच रामगढ़ पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। पुलिस ने अंतरजिला बाइक चोर गिरोह का पर्दाफाश करते हुए सात आरोपितों को गिरफ्तार किया है। इनकी निशानदेही पर रांची, रामगढ़, बोकारो और हजारीबाग जिले के अलग-अलग थाना क्षेत्रों से चोरी की 20 बाइक बरामद की गई हैं। जांच में सामने आया है कि गिरोह के सदस्य बाइक चोरी करने के बाद उनका हुलिया बदल देते थे और ग्रामीण इलाकों में बेहद कम कीमत पर बेच देते थे।
शुक्रवार को रामगढ़ थाना परिसर में आयोजित प्रेस वार्ता में एसपी मुकेश कुमार लुनायत ने बताया कि जिले में बाइक चोरी की घटनाओं पर रोक लगाने के लिए विशेष टीम गठित की गई थी। डीएसपी मुख्यालय अकरम रजा और एसडीपीओ आलोक रंजन के नेतृत्व में पुलिस टीम लगातार संदिग्धों की गतिविधियों पर नजर रख रही थी।
सीसीटीवी फुटेज से पकड़े गए दो संदिग्ध
एसपी के अनुसार, पांच नवंबर को पुलिस को गुप्त सूचना मिली कि बाइक चोरी की घटनाओं में सीसीटीवी फुटेज में दिखे दो संदिग्ध दोबारा रामगढ़ शहर पहुंचे हैं। वे किसी नई वारदात को अंजाम देने की फिराक में थे। इसके बाद पुलिस ने शहर में वाहन जांच अभियान चलाया। इसी दौरान दोनों संदिग्धों को नीले रंग की बिना नंबर प्लेट वाली बाइक के साथ पकड़ लिया गया।
गिरफ्तार आरोपितों की पहचान बोकारो के सोनू राम और आर्यन कुमार के रूप में हुई है। पूछताछ में दोनों ने नौ अक्टूबर को रामगढ़ स्थित निर्मल एजेंसी के बाहर से बाइक चोरी करने की बात स्वीकार की। जांच में दोनों के पेशेवर बाइक चोर होने और रांची, रामगढ़, बोकारो तथा हजारीबाग में कई घटनाओं में शामिल होने की जानकारी मिली।

oplus_140509184 तीन से पांच हजार रुपये में बेच देते थे चोरी की बाइक
पुलिस जांच में गिरोह के काम करने का तरीका भी सामने आया है। बाइक चोरी करने के बाद उसे गिरोह के दूसरे सदस्यों तक पहुंचाया जाता था। इसके बाद कबाड़ी और मैकेनिक बाइक की मरम्मत, डेंट-पेंट कर उसका हुलिया बदल देते थे। पहचान छिपाने के लिए इंजन और चेसिस नंबर को भी नुकसान पहुंचाया जाता था।
इसके बाद इन बाइकों को ग्रामीण और दूरदराज के इलाकों में बेहद कम कीमत पर बेच दिया जाता था। कई बाइक महज तीन से पांच हजार रुपये में बेचे जाने की जानकारी पुलिस को मिली है।
कबाड़ी, मैकेनिक और गैराज संचालक भी शामिल
एसपी ने बताया कि गिरफ्तार आरोपितों में बाइक चोरी करने वालों के साथ चोरी की गाड़ियों को खरीदने और बेचने वाले कबाड़ी, मैकेनिक तथा गैराज संचालक भी शामिल हैं। इनमें राकेश कुमार, मंजूर खान, बिनेश्वर बेदिया, एजाजुल अंसारी और शमीम अंसारी शामिल हैं। पुलिस के अनुसार, कुछ आरोपित चोरी की बाइक को कोलियरी, जंगल और ग्रामीण क्षेत्रों में खपाने का काम करते थे।
20 बाइक बरामद, अन्य सदस्यों की तलाश जारी
पुलिस ने सातों आरोपितों की निशानदेही पर चार जिलों से कुल 20 चोरी की बाइक बरामद की हैं। सभी गिरफ्तार आरोपितों को न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है। पुलिस अब गिरोह से जुड़े अन्य सदस्यों और चोरी की बाइक खरीदने वाले लोगों की पहचान करने में जुटी है।
इस कार्रवाई में रामगढ़ थाना प्रभारी गजेंद्र कुमार पांडेय, गोला थाना प्रभारी अभिषेक कुमार, टेक्निकल सेल के नौशाद आलम सहित कई पुलिसकर्मियों की महत्वपूर्ण भूमिका रही। पुलिस की इस कार्रवाई से चार जिलों में सक्रिय बाइक चोरी के संगठित नेटवर्क को बड़ा झटका लगा है।
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रामगढ़ में अंतरजिला बाइक चोर गिरोह का भंडाफोड़, सात गिरफ्तार; 20 चोरी की बाइक बरामद
झारखंड में बाइक चोरी की लगातार हो रही घटनाओं के बीच रामगढ़ पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। पुलिस ने अंतरजिला बाइक चोर गिरोह का पर्दाफाश करते हुए सात आरोपितों को गिरफ्तार किया है।



