Jharkhand News: रांची में विश्व स्वास्थ्य दिवस के अवसर पर आयोजित राज्यस्तरीय कार्यक्रम में झारखंड सरकार ने स्वास्थ्य क्षेत्र को लेकर कई महत्वपूर्ण घोषणाएं कीं। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में मौजूद स्वास्थ्य मंत्री इरफान अंसारी ने कहा कि राज्य में जल्द ही “स्वास्थ्य गारंटी कार्ड” लागू किया जाएगा। इस योजना का उद्देश्य हर नागरिक को सुलभ, किफायती और गुणवत्तापूर्ण इलाज उपलब्ध कराना है।
मंत्री ने कहा कि सरकार की प्राथमिकता है कि झारखंड का हर व्यक्ति स्वास्थ्य सुरक्षा के दायरे में आए। उन्होंने बताया कि स्वास्थ्य सेवाओं में सुधार के निरंतर प्रयासों का ही परिणाम है कि राज्य ने नेशनल क्वालिटी एश्योरेंस स्टैंडर्ड (NQAS) रैंकिंग में पूरे देश में तीसरा स्थान हासिल किया है, जो झारखंड के लिए गर्व की बात है।
कार्यक्रम के दौरान मंत्री ने लोगों से अपील की कि वे अपने दैनिक जीवन में कम से कम 45 मिनट स्वास्थ्य के लिए जरूर निकालें। उन्होंने कहा कि नियमित व्यायाम और संतुलित जीवनशैली ही बेहतर स्वास्थ्य का आधार है। इस अवसर पर उन्होंने आईपीएच परिसर में पौधारोपण कर पर्यावरण संरक्षण का संदेश भी दिया।
स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत करने के लिए सरकार ने कई बड़े कदमों की घोषणा की है। मंत्री ने बताया कि राज्य में जल्द ही 1200 स्थायी चिकित्सकों की नियुक्ति की जाएगी, वहीं 7500 एएनएम और जीएनएम की भर्ती प्रक्रिया भी शुरू की जा रही है। इसके अलावा आपातकालीन सेवाओं को बेहतर बनाने के लिए 247 नए एम्बुलेंस जल्द उपलब्ध कराए जाएंगे। संथाल परगना क्षेत्र में एक आधुनिक कंट्रोल कमांड सेंटर स्थापित करने की योजना भी बनाई गई है।
ब्लड उपलब्धता को लेकर भी सरकार नई नीति लागू करने पर काम कर रही है। इस संदर्भ में झारखंड उच्च न्यायालय के आदेश पर प्रतिक्रिया देते हुए मंत्री ने कहा कि बिना डोनर के ब्लड उपलब्ध कराना व्यवहारिक रूप से चुनौतीपूर्ण है, इसलिए इस आदेश में संशोधन के लिए सरकार न्यायालय का रुख करेगी।
कार्यक्रम में स्वास्थ्य विभाग के अपर मुख्य सचिव अजय कुमार सिंह ने भी संबोधित करते हुए कहा कि NQAS में तीसरा स्थान मिलना राज्य के स्वास्थ्य तंत्र की गुणवत्ता को दर्शाता है। वहीं राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के अभियान निदेशक शशि प्रकाश झा ने संतुलित आहार, नियमित दिनचर्या और तनावमुक्त जीवन को स्वस्थ रहने की कुंजी बताया।


