Buxar News: बिहार के बक्सर जिले में पुलिस ने शादी के नाम पर ठगी करने वाले एक संगठित गिरोह का पर्दाफाश किया है। इस कार्रवाई में एक महिला समेत कुल नौ आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस ने इनके पास से 40 हजार रुपये नकद और कुछ आभूषण भी बरामद किए हैं। इस पूरे मामले ने यह साफ कर दिया है कि ठग अब लोगों की भावनाओं और सामाजिक रिश्तों का फायदा उठाकर अपराध को अंजाम दे रहे हैं।
पुलिस जांच में सामने आया कि यह गिरोह बेहद सुनियोजित तरीके से काम करता था। गिरोह में शामिल महिला को नकली दुल्हन बनाया गया था, जबकि वह पहले से शादीशुदा है और उसकी एक 13 वर्षीय बेटी भी है। इस महिला के साथ अन्य सदस्य उसके फर्जी रिश्तेदार बनकर लोगों को विश्वास में लेते थे। कोई मां बनता था, तो कोई भाई-बहन या अन्य रिश्तेदार। सभी मिलकर एक असली परिवार जैसा माहौल तैयार करते थे, जिससे सामने वाले को जरा भी शक न हो।
पीड़िता कानपुर निवासी रमा देवी ने पुलिस को बताया कि उनके देवर की शादी कराने के नाम पर एक गिरोह ने उनसे संपर्क किया। गिरोह ने भरोसा जीतते हुए जल्द शादी कराने का झांसा दिया और इसके बदले 50 हजार रुपये नकद और जेवर की मांग रखी। विश्वास में आकर पीड़ित परिवार ने 40 हजार रुपये नकद और जेवर पहले ही दे दिए।
8 अप्रैल 2026 को बक्सर कोर्ट में कानूनी प्रक्रिया के तहत शादी कराई गई, ताकि किसी को शक न हो। इसके बाद परंपरागत रस्मों को पूरा करने के लिए दोनों पक्ष एक तय स्थान पर पहुंचे, जहां दुल्हन को जेवर पहनाए गए और शादी की सभी रस्में पूरी करवाई गईं। पूरा माहौल ऐसा बनाया गया मानो सब कुछ वास्तविक हो। उनकी बातों में आकर पीड़ित परिवार सात अप्रैल को बक्सर पहुंचा, जहां उन्हें एक लॉज में ठहराया गया।
अगले दिन कोर्ट मैरिज की औपचारिकता पूरी करवाई गई और फिर चौसा के महादेवा घाट पर पारंपरिक शादी की रस्में भी कराई गईं। इस दौरान दुल्हन पक्ष ने मंगलसूत्र, पायल और अन्य खर्चों के नाम पर पैसे और गहने ले लिए। इतना ही नहीं, तय राशि के रूप में 40 हजार रुपये भी वसूल लिए गए।
शादी के बाद जब परिवार दुल्हन को अपने साथ लेकर लौट रहा था, तभी रास्ते में पहले से घात लगाए कुछ लोगों ने दुल्हन को जबरन गाड़ी से उतार लिया और बाइक से फरार हो गए। इस घटना के बाद पीड़ित परिवार को ठगी का अहसास हुआ और उन्होंने तुरंत पुलिस को सूचना दी।
सूचना मिलते ही पुलिस ने तेजी से कार्रवाई करते हुए एक आरोपी को मौके से गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ के आधार पर बाकी आरोपियों को भी पकड़ लिया गया। फिलहाल पुलिस पूरे नेटवर्क की जांच कर रही है और यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि इस गिरोह ने और कितने लोगों को अपना शिकार बनाया है।


