Rohtas News: डेहरी-डालमियानगर नगर परिषद के कार्यपालक पदाधिकारी (ईओ) विमल कुमार की हत्या के मामले में पुलिस ने बड़ा खुलासा करते हुए उनके सरकारी वाहन चालक मिथिलेश कुमार को गिरफ्तार कर लिया है। प्रारंभिक पूछताछ में चालक ने कई बार अपना बयान बदला, लेकिन कड़ी पूछताछ के बाद उसने हत्या करने की बात स्वीकार कर ली। पुलिस ने हत्या में प्रयुक्त लोहे की रॉड भी नहर से बरामद कर ली है। मामले की जांच रोहतास और औरंगाबाद पुलिस संयुक्त रूप से कर रही है।
जानकारी के अनुसार, शनिवार रात विमल कुमार डेहरी स्थित ललन सिंह स्पोर्टिंग क्लब में आयोजित ‘एक शाम शहीदों के नाम’ कार्यक्रम में शामिल होने के बाद सरकारी वाहन से पटना के लिए रवाना हुए थे। देर रात औरंगाबाद जिले के बारुण थाना क्षेत्र अंतर्गत धनौती पुल के पास उनकी संदिग्ध परिस्थितियों में हत्या कर दी गई। शुरुआत में घटना को सड़क दुर्घटना और अपराधियों के हमले का रूप देने की कोशिश की गई थी।
मृतक की पत्नी बबिता कुमारी ने बारुण थाना में लिखित आवेदन देकर चालक मिथिलेश कुमार को मुख्य आरोपी बनाया। उन्होंने आरोप लगाया कि चालक का उनके पति के साथ लंबे समय से विवाद चल रहा था। वह अक्सर उनके साथ अभद्र व्यवहार करता था और हाल ही में विमल कुमार उसे नौकरी से हटाने की बात भी कर रहे थे। इसी रंजिश में चालक ने सुनियोजित तरीके से हत्या की साजिश रची।
घटना के बाद प्रक्षेत्र के आईजी विकास वैभव ने रविवार को घटनास्थल का दौरा व पकड़े गए चालक से पुछताछ के बाद बताया कि पूछताछ के दौरान चालक ने पहले पुलिस को गुमराह करने की कोशिश की, लेकिन बाद में उसने स्वीकार किया कि ड्यूटी को लेकर रास्ते में हुए विवाद के बाद उसने लोहे की रॉड से विमल कुमार पर हमला किया। हत्या के बाद वह घटना को दुर्घटना साबित करने की योजना बना रहा था। फोरेंसिक टीम ने घटनास्थल से महत्वपूर्ण साक्ष्य जुटाए हैं और गोताखोरों की सहायता से हत्या में इस्तेमाल की गई रॉड भी बरामद कर ली गई है।
आईजी के अनुसार, चालक ने वाहन में रखी टायर खोलने वाली लोहे की रॉड से विमल कुमार के सिर पर हमला किया। पूछताछ में उसने बताया कि वह लंबे समय से अधिक ड्यूटी और लगातार काम के दबाव के कारण मानसिक तनाव में था। घटना वाले दिन भी उसने शाम के बाद पटना जाने से मना किया था और खाना भी नहीं खाया था, लेकिन कार्यपालक पदाधिकारी ने उसे डांटते हुए यात्रा जारी रखने को कहा।
आरोपी चालक के अनुसार, देर रात बारुण थाना क्षेत्र के बारुण-दाउदनगर-पटना नहर रोड स्थित लख डिहरा गांव के पास उसने पेशाब करने के लिए वाहन रोका। इस दौरान भी उसे डांट पड़ी, जिससे वह आक्रोशित हो गया। गुस्से में उसने वाहन के पीछे रखी टायर खोलने वाली रॉड उठाई और पहले वाहन पर वार किया। इसके बाद जब कार्यपालक पदाधिकारी वाहन से बाहर निकले तो उसने उनके सिर पर लगातार कई वार किए। गंभीर चोट लगने से वे मौके पर ही गिर पड़े और उनकी मौत हो गई।
बता दें कि शनिवार की रात घटना की सूचना मिलने पर स्थानीय लोगों ने पुलिस को जानकारी दी। गंभीर रूप से घायल विमल कुमार को पहले डेहरी के एक निजी अस्पताल ले जाया गया, जहां से उनकी गंभीर स्थिति को देखते हुए जमुहार स्थित नारायण मेडिकल कॉलेज अस्पताल रेफर किया गया। हालांकि अस्पताल पहुंचने से पहले ही उनकी मौत हो गई।
घटना के बाद रोहतास के जिलाधिकारी दीपक कुमार मिश्रा, पुलिस अधीक्षक रौशन कुमार, औरंगाबाद के पुलिस अधीक्षक उपेंद्र नाथ वर्मा सहित कई वरिष्ठ अधिकारी मौके पर पहुंचे और जांच का जायजा लिया।
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