Patna News: जिले के बाढ़ थाना क्षेत्र में गुरुवार सुबह गंगा नदी में बड़ा हादसा हो गया। उमानाथ घाट के समीप यात्रियों से भरी एक छोटी नाव तेज हवा की चपेट में आकर पलट गई। इस दर्दनाक हादसे में अब तक तीन लोगों की मौत की पुष्टि हुई है, जबकि चार लोग अब भी लापता बताए जा रहे हैं। राहत की बात यह रही कि सात लोगों को समय रहते सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया। घटना के बाद इलाके में अफरा-तफरी और मातम का माहौल है।
मिली जानकारी के अनुसार बाढ़ अनुमंडल के बिंद टोली के 14 लोग नाव से समस्तीपुर जिले के सुल्तानपुर दियारा स्थित मोहिउद्दीननगर गए थे। ये सभी लोग परवल तोड़ने और खेती-बाड़ी के अन्य कार्यों के लिए वहां पहुंचे थे। गुरुवार सुबह काम खत्म कर सभी लोग नाव से वापस लौट रहे थे। इसी दौरान गंगा नदी में तेज हवा चलने लगी और सुल्तानपुर दियारा के पास नाव अचानक असंतुलित होकर पलट गई।
नाव पलटते ही नदी में चीख-पुकार मच गई। आसपास मौजूद स्थानीय लोगों ने तुरंत प्रशासन को सूचना दी। घटना की जानकारी मिलते ही जिला प्रशासन, पुलिस और आपदा प्रबंधन विभाग की टीम मौके पर पहुंच गई। गोताखोरों की मदद से राहत एवं बचाव अभियान शुरू किया गया। कई घंटों की मशक्कत के बाद सात लोगों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया, जबकि तीन लोगों के शव बरामद किए गए।
प्रशासन के अनुसार चार लोग अब भी लापता हैं, जिनकी तलाश लगातार जारी है। एनडीआरएफ और एसडीआरएफ की टीमें गंगा नदी में सर्च ऑपरेशन चला रही हैं। पटना और समस्तीपुर जिला प्रशासन आपसी समन्वय के साथ राहत कार्य में जुटे हुए हैं।
घटना की गंभीरता को देखते हुए अनुमंडल पदाधिकारी और पुलिस उपाधीक्षक बाढ़ मौके पर कैंप कर रहे हैं। वहीं पटना के जिलाधिकारी डॉ. त्यागराजन एस.एम. ने घटनास्थल का निरीक्षण कर अधिकारियों को तेजी से राहत एवं बचाव कार्य पूरा करने का निर्देश दिया है।
इस हादसे के बाद स्थानीय लोगों ने नाव संचालन की सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल उठाए हैं। ग्रामीणों का कहना है कि गंगा नदी में अक्सर लोग छोटी नावों से सफर करते हैं, लेकिन सुरक्षा मानकों का पालन नहीं होने से ऐसे हादसे बार-बार हो रहे हैं।


