Samastipur News:– बिहार में पूर्ण शराबबंदी के दावों के बीच समस्तीपुर जिले से एक बार फिर जहरीली शराब से मौत का मामला सामने आया है। मुसरीघरारी थाना क्षेत्र के बखरी बुजुर्ग गांव में कथित तौर पर जहरीली शराब के सेवन से एक व्यक्ति की मौत हो गई, जबकि उसका बेटा अपनी दोनों आंखों की रोशनी गंवा बैठा। इस हृदयविदारक घटना के बाद गांव में मातम पसरा हुआ है और प्रशासन के प्रति लोगों का आक्रोश बढ़ता जा रहा है।
पीड़ित परिवार के अनुसार, पिता और पुत्र ने साथ में शराब का सेवन किया था। कुछ ही देर बाद दोनों की हालत अचानक बिगड़ने लगी। परिजन उन्हें इलाज के लिए ले जाने की तैयारी कर ही रहे थे कि इसी दौरान पिता की मौत हो गई। वहीं, बेटे की स्थिति लगातार बिगड़ती चली गई और इलाज के दौरान उसकी दोनों आंखों की रोशनी चली गई। इस घटना ने पूरे परिवार को तोड़कर रख दिया है।
घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और मृतक के शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है, ताकि मौत के वास्तविक कारणों की पुष्टि हो सके। मामले की गंभीरता को देखते हुए सदर अनुमंडल पदाधिकारी दिलीप कुमार और सदर एसडीपीओ-1 सह एएसपी संजय कुमार पांडेय भी बखरी बुजुर्ग गांव पहुंचे और पीड़ित परिवार से मुलाकात की।
अधिकारियों ने परिजनों को आश्वासन दिया कि पूरे मामले की गहन जांच की जा रही है। साथ ही यह पता लगाया जा रहा है कि जहरीली शराब कहां से लाई गई और इसके पीछे कौन-सा अवैध नेटवर्क सक्रिय है। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि इस मामले में दोषी पाए जाने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
घटना के बाद प्रशासन हरकत में आ गया है। एसडीओ, सीओ मुसरीघरारी और नगर पंचायत के कार्यपालक पदाधिकारी के समन्वय से प्रभावित क्षेत्रों में जागरूकता अभियान चलाने का निर्णय लिया गया है, ताकि जहरीली शराब के दुष्प्रभावों को लेकर लोगों को सतर्क किया जा सके और भविष्य में इस तरह की घटनाओं को रोका जा सके।
इधर, एक ही परिवार में हुई इस दोहरी त्रासदी ने जिले में शराबबंदी की जमीनी हकीकत पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। ग्रामीणों का कहना है कि यदि समय रहते अवैध शराब के कारोबार पर सख्ती की जाती, तो यह दर्दनाक हादसा टाला जा सकता था। सदर एसडीपीओ संजय कुमार पांडेय ने बताया कि फिलहाल पुलिस संभावित ठिकानों पर छापेमारी कर रही है और आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए लगातार प्रयास जारी हैं।
