बिहार के इकलौते टाइगर रिजर्व, वाल्मीकि टाइगर रिजर्व (वीटीआर), जिसे बिहार का कश्मीर भी कहा जाता है, आज से एक बार फिर पर्यटकों के लिए अपने दरवाजे खोल रहा है। 21 अक्तूबर से वीटीआर में पर्यटन सत्र की शुरुआत हो रही है, जिससे सैलानी एक बार फिर यहां की नैसर्गिक सुंदरता और वन्यजीवन का लुत्फ उठा सकेंगे। वन विभाग ने इस अवसर पर सभी तैयारियों को पूरा कर लिया है, और इस बार वाल्मीकिनगर के साथ-साथ गोवर्धना और मंगुराहा को भी मुख्य पर्यटन केंद्र के रूप में विकसित किया गया है। पर्यटकों के ठहरने, खाने-पीने और जंगल सफारी की सभी सुविधाएं इन केंद्रों पर उपलब्ध कराई गई हैं।
विभिन्न वन्य जीवों का नजारा और नयनाभिराम दृश्य
वीटीआर के जंगलों में प्रवेश के साथ ही सैलानी यहां की वनस्पतियों के साथ बाघ, तेंदुआ, भालू, हिरण, नीलगाय, गौर, हिमालयन शेर, लकड़बग्घा, लेपर्ड कैट और अन्य अनेक वन्यजीवों के दीदार कर सकेंगे। यहां तकरीबन सभी प्रमुख मांसाहारी और शाकाहारी जीव आकर्षण का केंद्र होंगे। इसके अलावा पक्षियों की कई दुर्लभ प्रजातियों के साथ मोर भी पर्यटकों का स्वागत करेंगे।
सुविधाओं से परिपूर्ण पर्यटन केंद्र
पर्यटकों की सुविधा के लिए वाल्मीकिनगर, मंगुराहा और गोवर्धना में ठहरने की व्यापक व्यवस्था की गई है। वाल्मीकिनगर में 26 कमरे, मंगुराहा में 13 कमरे, और गोवर्धना में 4 इको हट और 4 टेंट हाउस तैयार किए गए हैं। इसके अलावा, कोतराहां में एक डोरमेट्री हॉल और दो ईको-हट भी उपलब्ध कराए गए हैं। जंगल सफारी के लिए विभागीय वाहनों के साथ निजी वाहनों के पंजीकरण की सुविधा भी शुरू की गई है।
मानसून के बाद पुनः खुला वीटीआर
मानसून के दौरान, बाघ और अन्य जंगली जानवरों के प्रजनन, वनपथों की मरम्मत और पर्यटकों की सुरक्षा के कारण 29 जून से 20 अक्तूबर तक वीटीआर को बंद रखा गया था। अब एक बार फिर यह अद्भुत पर्यटन स्थल सैलानियों के स्वागत के लिए तैयार है। वन विभाग ने 25 अक्तूबर से पटना से तीन और दो दिवसीय टूर पैकेज की शुरुआत की योजना बनाई है, जिससे पर्यटक बड़ी संख्या में इस नैसर्गिक धरोहर का आनंद उठा सकेंगे।
विशेष टूर पैकेज का आनंद लें
दो और तीन दिवसीय टूर पैकेज में पर्यटकों के लिए विशेष सुविधाएं दी गई हैं, जिनमें जंगल सफारी, मोटर बोट, इको-पार्क, कौलेश्वर झूला, व्यू प्वाइंट, विभिन्न मंदिरों का भ्रमण, थारू सांस्कृतिक कार्यक्रम, वन्यजीव आधारित फिल्म शो, और कई अन्य आकर्षण शामिल हैं। इस पैकेज के तहत सैलानी शांति स्तूप, भितिहरवा गांधी आश्रम, लौरिया नंदगढ़, केसरिया स्तूप आदि ऐतिहासिक स्थलों का भी दौरा कर सकते हैं।
बेतिया से एक दिवसीय टूर पैकेज
पर्यटकों के लिए बेतिया से वाल्मीकिनगर और मंगुराहा तक एक दिवसीय टूर पैकेज भी उपलब्ध होगा, जिसकी कीमत प्रति व्यक्ति 1200 रुपये रखी गई है। इस पैकेज में जंगल सफारी, मोटर बोट, कौलेश्वर झूला, जटाशंकर मंदिर, इको-पार्क, और अन्य आकर्षण शामिल होंगे।
ऑनलाइन बुकिंग शुरू, संपर्क के लिए विशेष टूर समन्वयक
वीटीआर में ठहरने और भ्रमण के लिए ऑनलाइन बुकिंग की सुविधा उपलब्ध कराई गई है। पर्यटकों की सहायता के लिए विशेष टूर समन्वयकों की नियुक्ति की गई है, जिनसे बेतिया, वाल्मीकिनगर, मंगुराहा, और गोवर्धना के लिए संपर्क किया जा सकता है। इस पर्यटन सत्र की शुरुआत के साथ, वीटीआर सैलानियों के लिए रोमांच, प्रकृति और वन्यजीवन का अद्भुत अनुभव लेकर आ रहा है।


