Dhanbad News: बलियापुर थाना क्षेत्र के धांगी बस्ती स्थित जंगल में एक नाबालिग गर्भवती किशोरी का शव दो हिस्सों में मिलने से इलाके में सनसनी फैल गई। जंगल में किशोरी का सिर और धड़ करीब सौ-सौ मीटर की दूरी पर बरामद किया गया। घटनास्थल के आसपास पूजा-पाठ से जुड़ी सामग्री मिलने के बाद मामले ने नया मोड़ ले लिया है। पुलिस हत्या के साथ-साथ अंधविश्वास और नरबलि के एंगल से भी जांच कर रही है। हालांकि, फिलहाल पुलिस ने नरबलि की पुष्टि नहीं की है।
घटना का खुलासा उस समय हुआ, जब एक महिला शौच के लिए जंगल की ओर गई थी। महिला की नजर शव पर पड़ी तो उसने इसकी जानकारी ग्रामीणों को दी। सूचना मिलते ही ग्रामीण मौके पर पहुंचे और पुलिस को मामले की जानकारी दी। इसके बाद बलियापुर समेत आसपास के कई थानों की पुलिस घटनास्थल पर पहुंची और जांच शुरू की।
मामले की गंभीरता को देखते हुए रांची से एफएसएल की टीम को भी धनबाद बुलाया गया। टीम ने घटनास्थल की बारीकी से जांच की और वहां से पूजा-पाठ में इस्तेमाल होने वाली सामग्री समेत कई अन्य सामान जब्त किए। इन सभी वस्तुओं को वैज्ञानिक जांच के लिए भेजे जाने की तैयारी है। पुलिस को उम्मीद है कि फोरेंसिक जांच से हत्या की परिस्थितियों और घटना से जुड़े लोगों के बारे में महत्वपूर्ण सुराग मिल सकते हैं।
जांच में सहायता के लिए डॉग स्क्वॉड की टीम को भी मौके पर बुलाया गया। डॉग स्क्वॉड की मदद से पुलिस ने एक युवक को संदिग्ध के रूप में हिरासत में लिया है। उससे पूछताछ की जा रही है। पुलिस युवक से किशोरी के संबंध, उसके आने-जाने और घटना से जुड़ी परिस्थितियों के बारे में जानकारी जुटा रही है।
परिजनों के मुताबिक, नाबालिग किशोरी अपने प्रेमी के साथ करमाटांड़ में रहती थी और वह गर्भवती थी। ऐसे में पुलिस प्रेम संबंध समेत हत्या की संभावित वजहों की भी जांच कर रही है। पुलिस घटनास्थल से मिले साक्ष्यों, एफएसएल रिपोर्ट और हिरासत में लिए गए युवक से पूछताछ के आधार पर मामले की कड़ियां जोड़ने में जुटी है।
भादो अमावस्या के मौके पर विभिन्न स्थानों पर पूजा और साधना की मान्यताओं के बीच घटनास्थल से पूजा सामग्री मिलने के कारण अंधविश्वास का पहलू भी चर्चा में है। पुलिस का कहना है कि नरबलि की आशंका समेत सभी पहलुओं की जांच की जा रही है। वैज्ञानिक जांच पूरी होने के बाद ही घटना की वास्तविक वजह स्पष्ट हो सकेगी।


