Patna News:– गृहमंत्री अमित शाह शुक्रवार को पटना पहुंचे, जहां उन्होंने भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) कार्यालय में प्रदेश के वरिष्ठ नेताओं और पदाधिकारियों के साथ अहम बैठक की। इस बैठक में बिहार चुनाव प्रभारी धर्मेंद्र प्रधान, प्रदेश अध्यक्ष दिलीप जायसवाल, उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी और विजय सिन्हा सहित कई बड़े नेता मौजूद रहे।
बैठक को आगामी बिहार विधानसभा चुनाव की दृष्टि से बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है। भाजपा प्रवक्ता दानिश इकबाल ने बताया कि इस दौरान चुनावी प्रबंधन, संगठन की रणनीति और संभावित उम्मीदवारों को लेकर विस्तृत चर्चा हो रही है। उन्होंने कहा कि भाजपा इस बार टिकट बंटवारे में खास एहतियात बरत रही है। पार्टी केवल उन्हीं नेताओं को मैदान में उतारेगी जिनकी जमीनी पकड़ मजबूत होगी और जिनके पीछे कार्यकर्ताओं का स्पष्ट समर्थन होगा।
सूत्रों के अनुसार, बैठक में जातीय और सामाजिक समीकरणों पर भी मंथन चल रहा है। पार्टी का मानना है कि उम्मीदवार चयन में किसी भी स्तर पर चूक नहीं होनी चाहिए, क्योंकि बिहार की राजनीति में जातीय संतुलन का बड़ा महत्व है। इसके साथ ही संगठन को बूथ स्तर तक मजबूत करने और कार्यकर्ताओं की सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित करने पर भी जोर दिया जा रहा है।
जानकारों का कहना है कि अमित शाह की इस बैठक से भाजपा कार्यकर्ताओं और नेताओं में उत्साह बढ़ा है। शाह ने पहले भी बिहार चुनावों में पार्टी की रणनीति तय करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। इस बार भी उनसे उम्मीद की जा रही है कि वे विपक्षी दलों की रणनीति को ध्यान में रखते हुए भाजपा के लिए प्रभावी रोडमैप तैयार करेंगे।
बैठक के बाद संभावना जताई जा रही है कि भाजपा जल्द ही अपने उम्मीदवारों की सूची पर अंतिम मुहर लगाएगी। पार्टी का फोकस साफ है— मजबूत संगठन, जमीनी स्तर पर प्रभावशाली उम्मीदवार और जातीय समीकरणों का संतुलन साधना।

