कोडरमा।
सदर अस्पताल के आइसोलेशन वार्ड में इलाज के लिए भर्ती किए गए एक कैदी के भाग जाने से पुलिस और स्वास्थ्य महकमा में हड़कंप मच गई। घटना गुरुवार के अहले सुबह की है। जानकारी के अनुसार मंडल कारा कोडरमा में बंद कर कैदी के पिछले दिनों कोरोनावायरस होने के बाद उसे बुधवार की शाम तबीयत खराब होने पर इलाज के लिए सदर अस्पताल स्थित आइसोलेशन वार्ड में भर्ती कराया गया था। जहां गुरुवार की सुबह आइसोलेशन वार्ड के पीछे स्थित टूटे हुए खिड़की का सहारा लेकर वहां से भाग निकला। फरार कैदी का नाम पप्पू विश्वकर्मा है। वह गिरिडीह जिला अंतर्गत देवरी का रहने वाला है। वह हत्या के आरोप में गिरिडीह मंडल कारा में बंद था। गत 1 अप्रैल को गिरिडीह जेल में अत्यधिक कैदी हो जाने की वजह से उसे मंडल कारा कोडरमा में शिफ्ट किया गया था। इधर हत्या के आरोपी कैदी के फरार होने के बाद पुलिस मक्का माने उसकी छानबीन शुरू कर दी। इसके लिए एसडीओ के नेतृत्व में एक विशेष छापेमारी दल का गठन किया गया है।
एसडीपीओ राजेंद्र प्रसाद ने बताया कि फरार कैदी के धरपकड़ के लिए लगातार अभियान जारी है। उन्होंने बताया कि अब तक की जानकारी के अनुसार फरार कैदी कोडरमा से किसी वाहन की मदद से बरही पहुंचा था। वहां से ऑटो की मदद से बगोदर होते हुए गिरिडीह के लिए रवाना हुआ है। इसके लिए छापेमारी दल गिरिडीह पहुंचकर उसके कुछ संदिग्ध ठिकानों पर छापेमारी कर रही है। उन्होंने बताया कि फरार अपराधी बगोदर में ऑटो चालक से मोबाइल लेकर अपने पत्नी से बात किया है। इधर आइसोलेशन वार्ड से भर्ती मरीजों के भाग जाने की यह पहली घटना नहीं है इसके पहले भी वार्ड के सुरक्षा व्यवस्था की लापरवाही का फायदा उठाते हुए वहां से कुछ अन्य लोग भी भाग निकले हैं। इधर हत्या के आरोपी कैदी की आइसोलेशन वार्ड से भाग जाने के मामले में वहां सुरक्षा ड्यूटी पर तैनात पुलिस के जवानों द्वारा लापरवाही बरतने की बात भी कही जा रही है। जिले के एसपी ने देर शाम आइसोलेशन वार्ड का जायजा लेकर वहां के सुरक्षा को चाक-चौबंद बनाने का निर्देश दिया है। कैदी के फरार हो जाने के मामले में अस्पताल के अधीक्षक द्वारा थाने में मामला दर्ज कराया गया है।

