Ranchi News: केंद्रीय महिला एवं बाल विकास मंत्री अन्नपूर्णा देवी ने शनिवार को कहा कि MMDR संशोधन कानून-2026 से झारखंड के खनन क्षेत्र में निवेश और रोजगार के नए अवसर पैदा हो सकते हैं। उन्होंने कहा कि खनिज आधारित उद्योगों को अधिक स्पष्ट और स्थिर कर व्यवस्था मिलने से राज्य में कारोबार का माहौल बेहतर होगा और स्थानीय युवाओं के लिए रोजगार के अवसर बढ़ सकते हैं।
रांची स्थित भाजपा प्रदेश कार्यालय में आयोजित प्रेस वार्ता में अन्नपूर्णा देवी ने MMDR संशोधन का विरोध कर रहे झामुमो, कांग्रेस और राजद नेताओं पर निशाना साधा। उन्होंने आरोप लगाया कि विपक्ष कानून को लेकर लोगों के बीच भ्रम की स्थिति पैदा कर रहा है।
MMDR संशोधन अधिनियम-2026 का उद्देश्य प्रमुख खनिज क्षेत्र में वित्तीय व्यवस्था को अधिक स्थिर और पूर्वानुमेय बनाना
केंद्र सरकार के अनुसार, MMDR संशोधन अधिनियम-2026 का उद्देश्य प्रमुख खनिज क्षेत्र में वित्तीय व्यवस्था को अधिक स्थिर और पूर्वानुमेय बनाना है। संसद ने इस संशोधन विधेयक को 13 अगस्त 2026 को पारित किया था। केंद्र का कहना है कि संशोधन से खनन क्षेत्र में निवेश को प्रोत्साहन मिलेगा और राज्यों को मिलने वाले खनन राजस्व में व्यापक कमी नहीं होगी।
अन्नपूर्णा देवी ने कहा कि अलग-अलग स्तर पर कर, उपकर और अन्य लेवी से खनन कारोबार में अनिश्चितता पैदा होती थी। उनके अनुसार, संशोधित व्यवस्था से नियमों में एकरूपता आएगी और कारोबारियों के लिए कानूनी स्थिति अधिक स्पष्ट होगी। केंद्र सरकार ने भी संशोधन को निवेश के लिए स्थिर और पूर्वानुमेय वित्तीय ढांचा उपलब्ध कराने वाला कदम बताया है।
केंद्रीय मंत्री ने कहा कि संशोधित कानून केवल झारखंड तक सीमित नहीं है, बल्कि देश के अन्य खनिज उत्पादक राज्यों में भी लागू है। उन्होंने कहा कि इसका उद्देश्य खनन क्षेत्र में पारदर्शिता, निवेश और वैधानिक कारोबार को बढ़ावा देना है।
अन्नपूर्णा देवी ने राज्य सरकार पर अवैध खनन और कोयला चोरी पर प्रभावी कार्रवाई नहीं करने का आरोप भी लगाया। उन्होंने कहा कि सरकार को वैध खनन गतिविधियों को बढ़ावा देने और निवेश के लिए अनुकूल माहौल तैयार करने पर ध्यान देना चाहिए। ये आरोप केंद्रीय मंत्री के राजनीतिक बयान हैं; राज्य सरकार का इस मुद्दे पर अलग पक्ष है।
केंद्र सरकार ने स्पष्ट किया है कि 2026 का संशोधन माइनर मिनरल्स पर राज्य सरकारों की मौजूदा नियामकीय और वित्तीय शक्तियों को नहीं बदलता। रेत, बजरी और मिट्टी जैसे कई माइनर मिनरल्स इस व्यवस्था में शामिल हैं।
प्रेस वार्ता में भाजपा के प्रदेश प्रवक्ता अभय सिंह और मृत्युंजय शर्मा, प्रदेश मीडिया सह-प्रभारी सतीश सिन्हा तथा सूरज शाहदेव समेत अन्य नेता मौजूद थे।


