Araria News:- नव रात्र के समापन के साथ ही अररिया जिले में बीती मध्य रात्रि मां काली की पूजा-अर्चना धूमधाम से की गई। जिले के विभिन्न मंदिरों और पूजा समितियों की ओर से मां काली की भव्य आराधना की गई। इस दौरान देर रात तक श्रद्धालुओं का तांता लगा रहा।
मां काली की पूजा परंपरागत रूप से रात्रि बेला में की जाती है। वैदिक रीति-रिवाजों और मंत्रोच्चारण के बीच फल-फूल एवं खीर का महाभोग अर्पित किया गया। श्रद्धालु हाथ जोड़कर माता से सुख, शांति और समृद्धि की कामना करते नजर आए।
इस वर्ष भी अररिया के प्रसिद्ध और ऐतिहासिक मां खड़गेश्वरी काली मंदिर पूजा का मुख्य आकर्षण बना रहा। यहां वर्षों पुरानी परंपरा के अनुसार कैदियों के हाथों से बनी फूलों की माला से मां काली का श्रृंगार किया गया। इस अद्भुत परंपरा ने लोगों का ध्यान अपनी ओर खींचा।
मंदिर परिसर में हजारों की संख्या में श्रद्धालु एकत्र हुए। मां खड़गेश्वरी के साधक नानू दा की अगुवाई में विशेष पूजा-अर्चना संपन्न हुई। खीर के महाभोग को पूजा उपरांत श्रद्धालुओं के बीच प्रसाद के रूप में वितरित किया गया।
पूजा को लेकर मंदिर और परिसर को विशेष रूप से सजाया गया था। कोलकाता से आए फूल सजावट कलाकारों ने मंदिर परिसर और मुख्य द्वार तक आकर्षक रोशनी और रंग-बिरंगे फूलों से सजावट की। कई किलोमीटर तक फैली चकाचौंध रोशनी श्रद्धालुओं के लिए आकर्षण का केंद्र रही।
मंदिर में पूजा के दौरान महिला, पुरुष और बच्चे बड़ी संख्या में मौजूद रहे। भक्तों में साधक नानू दा से आशीर्वाद लेने की होड़ लगी रही।
मां काली पूजा को लेकर पूरा क्षेत्र भक्तिमय माहौल में डूबा रहा। घंटा-घड़ियाल, ढाक की थाप और भक्ति गीतों से वातावरण गुंजायमान रहा। श्रद्धालुओं ने मां काली से अपने जीवन में सुख, शांति और कल्याण की प्रार्थना की।
