Patna News:- पौराणिक, आध्यात्मिक और सांस्कृतिक धरोहर को सहेजे हुए हरिहर क्षेत्र का प्रसिद्ध सोनपुर मेला इस वर्ष और भी भव्य स्वरूप में दिखाई दे रहा है। गंडक नदी के तट पर लगने वाला यह महीना भर चलने वाला मेला अब एक बड़े महोत्सव का रूप ले चुका है। बिहार सरकार और सारण जिला प्रशासन मेले को आधुनिकता से जोड़ते हुए हर आयु वर्ग के लोगों के लिए नए प्रयोग कर रहा है।
इस वर्ष मेले में सरकारी विभागों के कई स्टाल लगाए गए हैं, जहां लोग योजनाओं और सेवाओं की जानकारी ले रहे हैं। वहीं दूसरी ओर मनोरंजन, व्यापार, लोक कला और शिल्प से जुड़े आकर्षक स्टॉल पर्यटकों का ध्यान खींच रहे हैं। देशभर के कलाकार सांस्कृतिक कार्यक्रमों में अपनी प्रस्तुति देने के लिए मेले में पहुंच रहे हैं।
सोनपुर आइडल—युवाओं के लिए नया मंच
युवाओं को मेले से जोड़ने के लिए इस बार ‘सोनपुर आइडल’ का आयोजन किया जा रहा है। प्रतियोगिता का क्वार्टर फाइनल 2 दिसंबर को गायक कुमार सत्यम की जजिंग में होगा। सेमीफाइनल 5 दिसंबर को गायिका अनन्या मिश्रा और 7 दिसंबर को ग्रैंड फिनाले में जज की भूमिका दिग्गज गायिका अनुराधा पौडवाल निभाएंगी।
पुस्तक मेला और साहित्य उत्सव
युवा और साहित्य प्रेमियों के लिए इस बार पुस्तक मेला भी आकर्षण का केंद्र है, जो 10 दिसंबर तक चलेगा। वहीं 26 और 27 नवंबर को साहित्य उत्सव का आयोजन किया जा रहा है। इसके अलावा माइंड क्राफ्ट, क्राफ्ट वर्कशॉप और डॉग शो जैसे कार्यक्रम भी मेले को विशेष बना रहे हैं।
खेल गतिविधियों से बढ़ी रौनक
सोनपुर मेला खेल प्रेमियों के लिए भी खास आकर्षण बन गया है। घुड़दौड़, हैंडबॉल, पैरा एथलेटिक्स, वॉलीबॉल, फुटबॉल, नौका दौड़, क्रिकेट, टग ऑफ वॉर, शतरंज और दंगल जैसे खेल प्रतियोगिताएं लगातार आयोजित की जा रही हैं।
सांस्कृतिक प्रस्तुतियाँ और धार्मिक आयोजन
जिला जनसंपर्क पदाधिकारी रविंद्र कुमार के अनुसार, मेले को वैश्विक पहचान दिलाने के उद्देश्य से लगातार नए प्रयास किए जा रहे हैं। 1 और 2 दिसंबर को दो दिवसीय हरिहरनाथ महोत्सव, 28 दिसंबर तक रामायण मंचन और 30 नवंबर को भव्य गंगा आरती का आयोजन किया जाएगा।
29 नवंबर को नीरज श्रीधर, 30 नवंबर को श्रद्धा पंडित, 2 दिसंबर को कुमार सत्यम, 3 दिसंबर को कवि सम्मेलन, 5 दिसंबर को अनन्या मिश्रा और 7 दिसंबर को अनुराधा पौडवाल प्रस्तुति देंगी।
विदेशी पर्यटकों का भी तांता
मेला इस बार विदेशी पर्यटकों को भी आकर्षित कर रहा है। उनके ठहराव के लिए पर्यटन विभाग की ओर से अत्याधुनिक सुविधाओं वाले कॉटेज तैयार किए गए हैं।
कुल मिलाकर सोनपुर मेला अपनी विविधता, भव्यता और सांस्कृतिक चमक से इस बार महोत्सव जैसा अनुभव दे रहा है।

