Dhanbad News:- झारखंड की कोयला नगरी धनबाद में कोयले की अवैध तस्करी पर रोक लगाने के लिए केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल (सीआईएसएफ) ने बड़ी कार्रवाई की है। बीते दो दिनों में सीआईएसएफ की टीम ने अलग-अलग इलाकों में छापेमारी कर करीब 190 टन अवैध कोयला जब्त किया है। इस कार्रवाई से कोयला माफियाओं में हड़कंप मच गया है, वहीं स्थानीय पुलिस की भूमिका पर सवाल उठने लगे हैं।
जानकारी के अनुसार, सीआईएसएफ ने केंदुआडीह थाना क्षेत्र के कुसुंडा इलाके के गोधर काली बस्ती में छापेमारी की, जहां अवैध रूप से जमा करीब 125 टन कोयला बरामद किया गया। जब्त कोयले की कीमत लगभग तीन लाख रुपये से अधिक आंकी गई है। सीआईएसएफ ने कोयले को जेसीबी से हाइवा पर लादकर बीसीसीएल की एनजीकेसी कोलियरी को सौंप दिया। इस दौरान दो घंटे तक चली कार्रवाई से पूरे क्षेत्र में अफरा-तफरी का माहौल रहा।
स्थानीय लोगों के अनुसार, बस्ती में वर्षों से खुलेआम कोयला चोरी का कारोबार चल रहा था। लोग ओपन कास्ट प्रोजेक्ट (ओसीपी) और ट्रांसपोर्टिंग वाहनों से कोयला चुरा कर डंप में इकट्ठा करते थे। इस अभियान का नेतृत्व कंपनी कमांडर पारस यादव और पोस्ट कमांडर शंभु कुमार ने किया। सीआईएसएफ की क्यूआरटी टीम और बड़ी संख्या में जवान इस अभियान में शामिल थे।
इसके अलावा, तेतुलमारी थाना क्षेत्र के पांडेडीह छह नंबर बस्ती के पास भी सीआईएसएफ ने दो बार छापेमारी कर 65 टन अवैध कोयला बरामद किया। यह कार्रवाई कतरास क्षेत्र के वेस्ट मोदीदिह एकीकृत केशलपुर कोलियरी के पास की गई, जहां एक आउटसोर्सिंग कंपनी की परियोजना संचालित है। जब्त कोयला कतरास क्षेत्रीय प्रबंधक को सौंप दिया गया है।
धनबाद में लगातार बढ़ते अवैध कोयला कारोबार ने कानून-व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े किए हैं। जहां सीआईएसएफ सक्रिय रूप से कार्रवाई कर रही है, वहीं धनबाद पुलिस की निष्क्रियता चर्चा का विषय बन गई है।

