Koderma News:- सरकारी जमीन पर अवैध कब्जे और भू-माफियाओं की बढ़ती गतिविधियों के खिलाफ जिला प्रशासन ने कड़ा रुख अख्तियार किया है। उपायुक्त ऋतुराज के निर्देश पर अपर समाहर्ता की अध्यक्षता में तीन सदस्यीय विशेष टीम गठित की गई है। यह टीम जिले के विभिन्न अंचलों में सरकारी जमीन का सीमांकन कर रही है और अतिक्रमण की पहचान कर संबंधित अधिकारियों को रिपोर्ट सौंप रही है। जनता दरबार और अन्य माध्यमों से मिली शिकायतों में खुलासा हुआ कि कई भू-माफिया सरकारी जमीन पर फर्जी जमाबंदी कर कब्जा जमाए हुए हैं। कुछ मामलों में तो जमाबंदी पहले ही रद्द हो चुकी थी, फिर भी अतिक्रमण बना रहा।
प्रशासन ने गुमो मौजा के खाता नंबर 220, प्लॉट नंबर 6213 और 6215 की 150 एकड़ गैर मजरूआ खास जमीन पर अतिक्रमण के खिलाफ सख्त अभियान चलाया। कई लोगों ने जमीन के फर्जी कागजात दिखाकर प्रशासन को गुमराह करने की कोशिश की, लेकिन प्रशासन ने जेसीबी मशीन से अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई शुरू कर दी।
इस दौरान झारखंड राज्य खनिज विकास निगम (JSMDC) की 27 एकड़ जमीन पर भी अवैध निर्माण को ध्वस्त किया गया। हालांकि पूरी तरह से बने मकानों को अभी नहीं तोड़ा गया है; मकान मालिकों को नोटिस भेजकर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
अधिकारियों के अनुसार, भू-माफिया वर्षों से जाली कागजातों के आधार पर जमीन की खरीद-बिक्री कर रहे थे। अधिकांश खरीददार गरीब वर्ग से हैं, जिन्हें भ्रमित कर जमीन बेची गई।
राजस्व विभाग ने स्पष्ट किया है कि अवैध जमाबंदी रद्द कर दी गई है और अभियान से न सिर्फ सरकारी जमीन की सुरक्षा होगी, बल्कि पारदर्शिता और कानून-व्यवस्था को भी मजबूती मिलेगी।

