Deoghar News: सावन की अंतिम सोमवारी पर झारखंड के प्रसिद्ध तीर्थस्थलों देवघर और बासुकीनाथ में आस्था का जनसैलाब उमड़ पड़ा। बाबा बैद्यनाथ धाम में सुबह से ही श्रद्धालुओं की लंबी कतारें लगी रहीं। जिला प्रशासन के अनुसार, अब तक 52 लाख से अधिक श्रद्धालु बाबा बैद्यनाथ पर जलाभिषेक कर चुके हैं। अंतिम सोमवारी को देखते हुए मंदिर परिसर और आसपास के क्षेत्रों में सुरक्षा एवं भीड़ प्रबंधन के विशेष इंतजाम किए गए।
बाबा बैद्यनाथ मंदिर का पट सोमवार सुबह 4.30 बजे खोला गया। पट खुलते ही श्रद्धालुओं ने बाबा के शिवलिंग पर जल, बेलपत्र और अन्य पूजन सामग्री अर्पित कर दर्शन किए। रात से ही श्रद्धालु कतार में खड़े होकर अपनी बारी का इंतजार कर रहे थे। प्रशासन की ओर से श्रद्धालुओं को व्यवस्थित तरीके से मंदिर तक पहुंचाने के लिए व्यापक व्यवस्था की गई।
मंदिर के सरदार पंडा गुलाब नंद झा ने कहा कि सावन का महीना भगवान शिव की आराधना के लिए विशेष माना जाता है। सावन की सोमवारी पर बाबा को जल और बेलपत्र अर्पित करने की धार्मिक मान्यता है। इसी आस्था के कारण अंतिम सोमवारी पर देश के विभिन्न हिस्सों से बड़ी संख्या में श्रद्धालु देवघर पहुंचे।
देवघर के उपायुक्त सौरभ कुमार भुवानिया ने बताया कि पिछली सोमवारी की तुलना में इस बार श्रद्धालुओं की संख्या अधिक रही। प्रशासन की टीम महत्वपूर्ण स्थानों पर लगातार निगरानी कर रही है। पुलिस अधीक्षक प्रवीण पुष्कर ने बताया कि रात से ही पुलिसकर्मी और अधिकारी श्रद्धालुओं को कतारबद्ध कराने में जुटे रहे। राज्य की पुलिस महानिदेशक तदाशा मिश्रा भी अंतिम सोमवारी पर देवघर पहुंचीं। उन्होंने बाबा बैद्यनाथ की पूजा-अर्चना करने के साथ मंदिर परिसर की सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लिया।
दुमका के प्रसिद्ध बाबा बासुकीनाथ धाम में भी श्रद्धालुओं की भारी भीड़
इधर, दुमका के प्रसिद्ध बाबा बासुकीनाथ धाम में भी श्रद्धालुओं की भारी भीड़ रही। बोल बम कांवरियों के साथ भागलपुर के बरारी घाट से गंगाजल लेकर हंसडीहा के रास्ते पहुंचने वाले डाकबम श्रद्धालुओं ने भी बाबा का जलाभिषेक किया।
बासुकीनाथ मंदिर का पट सुबह तीन बजे खोला गया। इसके बाद श्रद्धालुओं को कतार के माध्यम से मंदिर में प्रवेश कराया गया और अरघा के जरिए जलाभिषेक कराया गया। डाकबम श्रद्धालुओं के लिए टोकन व्यवस्था की गई है। उन्हें पेड़ा गली द्वार से सीधे मंदिर में प्रवेश दिया जा रहा है।
भीड़ को देखते हुए बासुकीनाथ में भी सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए हैं। मंदिर के प्रवेश और निकास द्वार के अलावा मेला क्षेत्र में पुलिस बल तैनात है। ड्रोन और सीसीटीवी कैमरों से निगरानी की जा रही है। अंतिम सोमवारी पर देवघर और बासुकीनाथ दोनों धामों में हर-हर महादेव और बोल बम के जयघोष से पूरा क्षेत्र भक्तिमय नजर आया।


