Purnea News: पूर्णिया एयरपोर्ट पर शनिवार का दिन यात्रियों के लिए बेहद मुश्किल भरा रहा। इंडिगो एयरलाइंस की उड़ानों के लगातार रद्द होने और समय पर अपडेट न मिलने से यात्रियों में भारी नाराज़गी फैल गई। सुबह से लेकर देर शाम तक लोग एयरपोर्ट पर फ्लाइट की जानकारी का इंतजार करते रहे, लेकिन एयरलाइन की ओर से न तो कोई ठोस सूचना दी गई और न ही यात्रा संबंधी विकल्प उपलब्ध कराए गए।
यात्रियों का कहना था कि इंडिगो की तरफ से उड़ान रद्द करने का आधिकारिक मैसेज भी समय पर नहीं मिला। कई लोग अपनी महत्वपूर्ण मीटिंग, इंटरव्यू, परीक्षा, मेडिकल अपॉइंटमेंट और पारिवारिक कार्यक्रमों में शामिल नहीं हो सके। इससे यात्रियों को आर्थिक नुकसान के साथ-साथ मानसिक तनाव का भी सामना करना पड़ा। कई यात्रियों ने कहा कि उनकी कुल यात्रा लागत 5 से 10 गुना तक बढ़ गई है और इसकी भरपाई संभव नहीं है।
इस मामले ने इतना तूल पकड़ा कि केंद्र सरकार को हस्तक्षेप करना पड़ा। नागरिक उड्डयन मंत्रालय ने सख्त रुख अपनाते हुए इंडिगो को आदेश दिया है कि रविवार रात 8 बजे तक सभी यात्रियों को टिकट का पूरा पैसा वापस किया जाए। मंत्रालय ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि आदेश न मानने पर एयरलाइन के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
उधर, दिल्ली से पूर्णिया पहुंचे अररिया सांसद प्रदीप सिंह ने भी स्थिति की गंभीरता को स्वीकार किया। उन्होंने बताया कि इंडिगो की तकनीकी और संचालन संबंधी दिक्कतें पूरे देश में सामने आई हैं, जिसके कारण कई हवाई अड्डों पर उड़ानें बाधित हुई हैं। सांसद ने कहा कि प्रधानमंत्री स्वयं मामले पर नजर रखे हुए हैं और यात्रियों को किसी भी कीमत पर नुकसान नहीं होने दिया जाएगा। सरकारी हस्तक्षेप के बाद यात्रियों को राहत की उम्मीद तो जगी है, लेकिन एयरलाइन के रवैए को लेकर नाराजगी फिलहाल कम होने का नाम नहीं ले रही।

