Giridih News:- नगर निगम क्षेत्र के गांधी चौक के पास शनिवार को हुए दर्दनाक हादसे में दो वर्षीय मासूम अंकित कुमार की मौत हो गई। बच्चा अपनी मां की गोद से अचानक फिसलकर नाले में जा गिरा और तेज बहाव में बह गया। घटना के करीब 18 घंटे बाद रविवार को रेस्क्यू टीम ने झरियागादी टोले से उसका शव बरामद किया।
बच्चे की मौत के बाद परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। वहीं स्थानीय लोगों का गुस्सा नगर निगम और जिला प्रशासन पर फूट पड़ा। आक्रोशित लोगों ने सड़क पर उतरकर नारेबाजी की और निगम की कार्यशैली पर सवाल उठाए। लोगों का कहना था कि नगर निगम की लापरवाही और नालों की दुर्दशा के कारण ही यह हादसा हुआ।
झारखंड लोकतांत्रिक क्रांतिकारी मोर्चा के नेता नागेंद्र चंद्रवंशी ने प्रशासन पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा, “गरीब का बच्चा नाले में गिरा था इसलिए रेस्क्यू में इतना वक्त लगा। अगर किसी जनप्रतिनिधि या रसूखदार परिवार के बच्चे के साथ ऐसी घटना होती तो क्या इतनी सुस्ती दिखाई जाती?”
स्थानीय लोगों के बढ़ते आक्रोश को शांत करने मौके पर एसडीएम श्रीकांत विस्पुते, डीएसपी मुख्यालय नीरज कुमार सिंह, एसडीपीओ सदर जीतवाहन उरांव, बीडीओ गणेश रजक और थाना प्रभारी ज्ञान रंजन पहुंचे। एसडीएम ने जमीन पर बैठकर लोगों को समझाने की कोशिश की और आश्वासन दिया कि मामले की पूरी जांच होगी और निगम की लापरवाही की भी पड़ताल की जाएगी।
उल्लेखनीय है कि शनिवार को बारिश के दौरान बच्चा नाले में गिर गया था। सूचना मिलते ही प्रशासन की टीम मौके पर पहुंची और रेस्क्यू शुरू किया, लेकिन कई घंटों की कोशिश के बाद भी सफलता नहीं मिली। देर रात लगभग डेढ़ बजे तक खोजबीन जारी रही, पर कोई सुराग नहीं मिला और अभियान रोकना पड़ा। रविवार को आक्रोशित लोगों के दबाव और परिजनों की गुहार पर दोबारा सर्च अभियान चलाया गया, जिसके बाद घंटों की मशक्कत के बाद मासूम का शव बरामद किया गया।
एसडीपीओ जीतवाहन उरांव ने बताया कि शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है। घटना के बाद पूरे इलाके में मातम पसरा है, वहीं नगर निगम की लापरवाही को लेकर लोगों में गुस्सा अभी भी कायम है।

