Chatra News:- झारखंड के चतरा जिले की लावालौंग थाना पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए प्रतिबंधित नक्सली संगठन तृतीय सम्मेलन प्रस्तुति कमिटी (टीएसपीसी) के सक्रिय उग्रवादी जमादार उर्फ पहाड़ी गंझू को भारी मात्रा में हथियार और नक्सली साहित्य के साथ गिरफ्तार किया है। पुलिस ने उसके पास से एक देशी कट्टा, तीन देशी राइफल, 92 राउंड जिंदा कारतूस, दो मोबाइल फोन, एक सिम कार्ड, एक टीएसपीसी पोस्टर, एक केमोफ्लाज वर्दी और एक बैग बरामद किया।
गिरफ्तार उग्रवादी लावालौंग थाना क्षेत्र के कनवातरी गांव का निवासी है। एसपी सुमित कुमार खंडेलवाल ने शनिवार को समाहरणालय स्थित अपने कार्यालय में प्रेस वार्ता कर जानकारी दी कि गुप्त सूचना के आधार पर यह कार्रवाई की गई। सूचना मिली थी कि जमादार गंझू हथियार के साथ खामडीह जंगल में घूम रहा है। इस पर सिमरिया एसडीपीओ शुभम खंडेलवाल के नेतृत्व में विशेष टीम का गठन किया गया और त्वरित छापेमारी कर उसे दबोच लिया गया।
एसपी ने बताया कि जमादार गंझू टीएसपीसी के “कोहराम दस्ते” का सक्रिय सदस्य है और वर्तमान में कबीर गंझू के साथ मिलकर काम कर रहा था। वह टंडवा, लावालौंग, सिमरिया, हजारीबाग और चतरा समेत कई जिलों में रंगदारी वसूलने, हथियार सप्लाई और उग्रवादी गतिविधियों को अंजाम देने में संलिप्त था। उसके खिलाफ चतरा सदर थाना में एक, टंडवा में दो, लावालौंग में एक और सिमरिया थाना में एक मामला दर्ज है। वह पहले भी जेल जा चुका है और हाल ही में लावालौंग थाना कांड संख्या 57/25 में उसे न्यायिक हिरासत में भेजा गया।
एसपी खंडेलवाल ने सभी सक्रिय उग्रवादियों से राज्य सरकार की आत्मसमर्पण एवं पुनर्वास नीति का लाभ उठाकर मुख्यधारा में शामिल होने की अपील की। उन्होंने कहा कि पुलिस और प्रशासन उग्रवाद को समाप्त करने के लिए प्रतिबद्ध है और जो भी हथियार छोड़कर समाज में लौटना चाहे, उसका स्वागत किया जाएगा।
छापेमारी दल में लावालौंग थाना प्रभारी रूपेश कुमार, सूर्यप्रताप सिंह, वाजिद अली सहित कई जवान शामिल थे। पुलिस की इस कार्रवाई से क्षेत्र में नक्सल प्रभावित इलाकों में सुरक्षा बलों के मनोबल को बल मिला है और उग्रवादियों के खिलाफ अभियान को और तेज करने की रणनीति पर काम जारी है।

