Patna News:- लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने बुधवार को मुजफ्फरपुर और दरभंगा से बिहार चुनाव प्रचार का आगाज किया। इस दौरान उन्होंने राज्य की बदहाल स्थिति और बेरोजगारी के मुद्दे पर जदयू-भाजपा सरकार को कठघरे में खड़ा किया।
सभा में उनके साथ राजद नेता तेजस्वी यादव, वीआईपी प्रमुख मुकेश सहनी, कांग्रेस महासचिव केसी वेणुगोपाल, छत्तीसगढ़ के पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल, और कई वरिष्ठ नेता मौजूद रहे। राहुल गांधी ने कहा कि “जब बिहार के लोग दिल्ली, मुंबई और दुबई को बना सकते हैं, तो बिहार को क्यों नहीं बना सकते?”
उन्होंने कहा कि 20 साल के शासन में नीतीश कुमार ने शिक्षा, स्वास्थ्य और रोजगार के क्षेत्र में कोई ठोस कार्य नहीं किया। “नीतीश कुमार का रिमोट कंट्रोल भाजपा के हाथ में है, वे वही करते हैं जो भाजपा चाहती है,” राहुल ने कहा।
पेपर लीक और बेरोजगारी का मुद्दा उठाते हुए राहुल ने कहा कि बिहार में युवाओं का भविष्य अधर में लटक गया है। उन्होंने कहा कि “हम चाहते हैं कि हर उत्पाद पर ‘मेड इन बिहार’ लिखा जाए, इसके लिए राज्य में उद्योग स्थापित होंगे और युवाओं को रोजगार मिलेगा।”
उन्होंने कहा कि बिहार का गौरवशाली इतिहास रहा है—कभी नालंदा विश्वविद्यालय विश्व का ज्ञान केंद्र था। महागठबंधन चाहता है कि बिहार फिर से शिक्षा का वैश्विक केंद्र बने।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और भाजपा पर हमला करते हुए राहुल गांधी ने कहा कि मोदी सरकार गरीबों के नहीं, बल्कि कुछ अरबपतियों के लिए काम कर रही है। उन्होंने कहा कि “देश में दो हिंदुस्तान बन रहे हैं—एक गरीबों का और दूसरा अमीरों का। मोदी जी छठ पूजा में साफ पानी में नहाते हैं, जबकि बाकी भारत गंदे पानी में।”
राहुल ने मतदाताओं से अपील की कि भाजपा की “चुनाव चोरी” की कोशिशों को नाकाम करें और संविधान की रक्षा के लिए महागठबंधन के उम्मीदवारों को भारी मतों से जिताएं।

