Jamshedpur News:-जिले के जमशेदपुर और घाटशिला में मंगलवार को एक बड़े फर्जीवाड़े का खुलासा हुआ। पुलिस ने छापेमारी कर सैकड़ों युवाओं को रेस्क्यू किया, जिन्हें फर्जी कंपनियों ने नौकरी का झांसा देकर बंधक बना रखा था। जानकारी के मुताबिक, ग्लेज़ इंडिया, राधा इंटरप्राइजेज और रॉयल हेल्थ इंडिया नाम की कंपनियों ने टाटा और अन्य प्रतिष्ठित कंपनियों में नौकरी दिलाने का वादा कर बिहार, यूपी, झारखंड समेत कई राज्यों से बेरोजगार युवाओं को बुलाया। प्रत्येक से 25,000 रुपये लिए गए। लेकिन नौकरी देने के बजाय उन्हें मार्केटिंग का काम कराया जाने लगा।
जब युवाओं ने विरोध किया तो उन्हें धमकाया गया। कई को जंगलों में ले जाकर पीटा गया, तो कई को कमरों में बंद रखा गया। महीनों से यह नेटवर्क युवाओं को किराए के घरों में रखकर काम करवा रहा था।
ग्रामीण एसपी रेशव गर्ग के नेतृत्व में पुलिस टीम ने देर रात छोटा गोविंदपुर के भोला बागान इलाके और घाटशिला के मऊभंडार ओपी क्षेत्र के पांचपांडव इलाके में छापेमारी की। इस दौरान करीब 280 युवक-युवतियों को रेस्क्यू किया गया। स्थानीय लोगों का कहना है कि घटनास्थल पर 500 से 1000 युवतियां भी मौजूद थीं, लेकिन सभी को अभी मुक्त नहीं कराया जा सका है।
पुलिस ने इस मामले में करीब 150 लोगों से पूछताछ की है। कुछ ने कहा कि वे अपनी मर्जी से आए थे, लेकिन एक पूर्व कर्मचारी की शिकायत ने पूरा मामला उजागर कर दिया। उसने आरोप लगाया कि उससे 25 हजार रुपये लिए गए और जब वह घर जाना चाहता था तो उसकी पिटाई की गई।
फिलहाल पुलिस पूरे नेटवर्क की जांच कर रही है। इसे झारखंड का अब तक का सबसे बड़ा जॉब स्कैम माना जा रहा है, जिसमें न सिर्फ आर्थिक ठगी हुई बल्कि युवाओं को बंधक बनाकर शोषण भी किया गया। बुधवार सुबह तक पूछताछ जारी रही और पुलिस का कहना है कि आगे और गिरफ्तारी हो सकती है।

