West Singhbhum:-चाईबासा के पूर्व मंत्री और भाजपा के प्रदेश उपाध्यक्ष बड़कुंवर गागराई ने जिला खनिज फाउंडेशन ट्रस्ट (डीएमएफटी ) योजना में भ्रष्टाचार का आरोप लगाते हुए उच्च स्तरीय जांच की मांग की है।

गागराई बुधवार को चाईबासा स्थित अपने आवासीय कार्यालय में आयोजित प्रेस वार्ता में बोल रहे थे।
उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की यह ड्रीम योजना खनिज क्षेत्र के लोगों के विकास के लिए शुरू की गई थी, लेकिन झारखंड में इसे भ्रष्टाचार की भेंट चढ़ा दिया गया है।
गागराई ने कहा कि डीएमएफटी के तहत बनने वाली योजनाओं में ग्रामसभा की सहमति नहीं ली जा रही और अधिकतर काम केवल कागजों पर ही सीमित रह गए हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि जलपाई योजना सहित कई परियोजनाएं विवादों में घिरी हैं। जिन एजेंसियों को करोड़ों की योजनाएं दी गई हैं, उनके पास न बिलिंग सिस्टम है और न इंजीनियरिंग सेल, फिर भी उन्हें काम सौंप दिया गया।
उन्होंने कहा कि टेंडर होने के बावजूद संवेदकों को न तो अनुबंध दिए गए हैं और न ही भुगतान किया गया है। कई संवेदक शोषण का शिकार हो रहे हैं। गागराई ने दावा किया कि बिना “चढ़ावा” दिए कोई काम आगे नहीं बढ़ता, जिससे प्रशासनिक पारदर्शिता पर सवाल उठते हैं। उन्होंने यह भी बताया कि निविदाओं की सूचना स्थानीय समाचार पत्रों में प्रकाशित नहीं की गई ।
एक गुजरात की कंपनी को काम सौंपना स्थानीय युवाओं के साथ अन्याय है। गागराई ने चेतावनी दी कि भाजपा इस मुद्दे को लेकर आंदोलन करेगी और जरूरत पड़ी तो न्यायालय का दरवाजा भी खटखटाएगी।