Jamshedpur News:- लोक आस्था के महापर्व छठ पूजा के दौरान चांडिल अनुमंडल क्षेत्र में हुए एक दर्दनाक हादसे ने पूरे इलाके को शोक में डुबो दिया। सोमवार की शाम स्वर्णरेखा नदी के शहरबेड़ा छठ घाट पर तीन लोगों के डूबने की घटना सामने आई, जिसमें एक 10 वर्षीय बच्चे की मौत हो गई, जबकि दो अन्य की तलाश अब भी जारी है।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, घाट पर श्रद्धालु अस्ताचलगामी सूर्य को अर्घ्य दे रहे थे। इसी दौरान एक बच्चा अचानक नदी के गहरे हिस्से में चला गया। बच्चे को बचाने के प्रयास में दो और युवक पानी में कूद पड़े, लेकिन वे भी तेज धार में बह गए। आसपास के लोगों ने शोर मचाकर प्रशासन को सूचना दी। राहत एवं बचाव कार्य शुरू हुआ, परंतु तब तक बच्चे की मौत हो चुकी थी।
स्थानीय लोगों ने प्रशासन पर गंभीर लापरवाही का आरोप लगाया है। उनका कहना है कि छठ पर्व से पहले न तो घाटों का निरीक्षण किया गया, न सुरक्षा बैरिकेडिंग की व्यवस्था की गई। नतीजा यह हुआ कि जिस शहरबेड़ा घाट पर पहले भी हादसे हो चुके हैं, वही एक बार फिर त्रासदी का केंद्र बन गया।
जिला प्रशासन ने दावा किया था कि सभी छठ घाटों पर सुरक्षा के पुख्ता इंतज़ाम किए गए हैं। उपायुक्त नीतीश कुमार सिंह ने सभी अधिकारियों को निर्देश दिया था कि घाटों का निरीक्षण कर सुरक्षा सुनिश्चित करें, लेकिन एसडीओ, बीडीओ और सीओ की उदासीनता ने इन दावों की पोल खोल दी।
घटना के बाद ग्रामीणों में गहरा आक्रोश और शोक है। लोगों ने मांग की है कि प्रशासन न सिर्फ लापरवाह अधिकारियों पर कार्रवाई करे, बल्कि भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए स्थायी सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित करे।
फिलहाल एसडीआरएफ की टीम नदी में रेस्क्यू अभियान चला रही है और लापता दो लोगों की तलाश जारी है। वहीं, मृतक बच्चे के परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।

