Purnia News:- बिहार विधानसभा चुनाव के दूसरे चरण से पहले समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष और उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने शनिवार को धमदाहा में महागठबंधन समर्थित राजद प्रत्याशी संतोष कुशवाहा के समर्थन में चुनावी सभा कर एनडीए पर तीखा प्रहार किया।
सभा में उमड़ी भीड़ को संबोधित करते हुए अखिलेश यादव ने कहा कि बिहार की जनता अब बदलाव के मूड में है और 11 नवंबर का मतदान एनडीए सरकार के अंत की शुरुआत साबित होगा। उन्होंने व्यंग्य भरे लहज़े में कहा, “इस बार बिहार में एक और एक मिलकर ग्यारह होगा, और भाजपा नौ दो ग्यारह।”
अखिलेश ने कहा कि जनता 30 साल के शासन का हिसाब मांगने निकली है — 20 साल बिहार में और 10 साल दिल्ली में। बावजूद इसके आम आदमी की जेब खाली है और नौजवान बेरोज़गार। उन्होंने कहा कि एनडीए सरकार ने महंगाई, बेरोज़गारी और भ्रष्टाचार के अलावा जनता को कुछ नहीं दिया।
उन्होंने मज़ाकिया लहजे में कहा, “सरकार की मुनाफाखोरी इतनी बढ़ गई है कि बिहार में अब पारले-जी बिस्किट भी छोटा हो गया है, क्योंकि हर चीज़ में चोरी हो रही है।” किसानों की स्थिति पर चिंता जताते हुए अखिलेश यादव ने कहा कि “बिहार की उपजाऊ मिट्टी में इतना दम है कि यहाँ का किसान पूरे देश का पेट भर सकता है, लेकिन एनडीए सरकार ने उद्योगों को जानबूझकर बिहार से बाहर भेज दिया ताकि यहाँ का नौजवान आगे न बढ़ सके।”
भाजपा पर सीधा निशाना साधते हुए अखिलेश यादव ने कहा कि “यह चुनाव सिर्फ वोट का नहीं, बल्कि राशन और अधिकार बचाने का चुनाव है।” उन्होंने आरोप लगाया कि बीजेपी अपनी “सी टीम” के रूप में चुनाव आयोग का इस्तेमाल कर रही है और सत्ता के दुरुपयोग से लोकतंत्र को कमजोर करने की कोशिश हो रही है।
सभा में बड़ी संख्या में लोगों की उपस्थिति ने माहौल को चुनावी जोश से भर दिया। अखिलेश यादव ने अंत में जनता से अपील की कि वे इस बार परिवर्तन का संकल्प लें और बिहार को एक नए रास्ते पर आगे बढ़ाने के लिए महागठबंधन के उम्मीदवारों को भारी मतों से विजयी बनाएं।

