Hazaribag News:- बड़कागांव वन विभाग ने अवैध कोयला कारोबार पर बड़ी कार्रवाई करते हुए जोराकाठ स्थित जंगल क्षेत्र से लगभग 60 टन डंप कोयला जब्त किया है। यह छापामारी हजारीबाग वन प्रमंडल पदाधिकारी मौन प्रकाश को मिली गुप्त सूचना के आधार पर की गई। कार्रवाई के दौरान वन विभाग की टीम ने मौके से कोयले को कब्जे में लिया और उसे 22 ट्रैक्टरों की मदद से बड़कागांव वन विश्रामगृह परिसर में सुरक्षित जमा कराया।
वन अधिकारियों के अनुसार यह कोयला एक ग्रामीण की रैयती जमीन पर अवैध रूप से डंप किया गया था। फिलहाल यह जांच की जा रही है कि कोयला कहां से निकाला गया और इसमें किन-किन लोगों की संलिप्तता है। विभाग ने स्पष्ट किया है कि जांच में शामिल सभी आरोपियों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
इस कार्रवाई के बाद कोयला माफिया और अवैध कारोबारियों में खौफ का माहौल है। बताया जाता है कि जिस स्थान से कोयला जब्त हुआ है, वह घने जंगल के बीच स्थित है और यह इलाका लंबे समय से अवैध कोयला खनन और परिवहन का गढ़ बना हुआ था। यहां से कोयला चोरी-छिपे ट्रकों और ट्रैक्टरों के माध्यम से बड़े शहरों और मंडियों तक भेजा जा रहा था।
छापेमारी अभियान में बड़कागांव रेंज के वनरक्षी मिनरल भास्कर, आनंद कुमार सिंह, दीपक यादव, नजीर हुसैन, निचित कुमार, महेश कुमार, दिनेश पांडेय, अजय कुमार, जगन्नाथ रजवार, विजय भूषण, वीरेंद्र कुमार और होमगार्ड राजकिशोर यादव सहित हजारीबाग के कई वनकर्मी मौजूद रहे।
यह कार्रवाई न केवल अवैध कोयला कारोबार का पर्दाफाश करती है, बल्कि यह भी दर्शाती है कि क्षेत्र में बड़े पैमाने पर प्राकृतिक संसाधनों की चोरी जारी है।

