असम गोसंरक्षण अधिनियम के तहत राज्यव्यापी छापेमारी
Guwahati News :- असम में गोमांस से जुड़े कानून के तहत अब तक की सबसे बड़ी कार्रवाई करते हुए पुलिस ने मंगलवार को 133 लोगों को हिरासत में लिया है। इस दौरान एक टन से अधिक संदिग्ध गोमांस भी जब्त किया गया। यह छापेमारी असम गोसंरक्षण अधिनियम, 2021 के तहत पूरे राज्य में चलाए गए एक विशेष अभियान का हिस्सा रही।
पुलिस अधिकारियों ने बताया कि यह अभियान स्वप्रेरणा से शुरू किया गया, जिसका उद्देश्य संवेदनशील इलाकों में अवैध पशुवध और बिना अनुमति गोमांस की बिक्री पर लगाम लगाना है। पुलिस को कई होटलों और रेस्टोरेंट से नियमों के उल्लंघन की शिकायतें मिली थीं, जिसके बाद छापेमारी की गई।
राज्यभर में कुल 112 प्रतिष्ठानों पर छापे मारे गए, जहां से संदिग्ध गोमांस बरामद हुआ और उससे जुड़े लोगों को हिरासत में लिया गया। जब्त मांस के नमूने फॉरेंसिक जांच के लिए भेज दिए गए हैं ताकि यह स्पष्ट किया जा सके कि वह वास्तव में गोमांस है या नहीं।
एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने कहा, “हमने कई होटलों, भोजनालयों और अन्य वाणिज्यिक प्रतिष्ठानों में जांच की है। इस संबंध में विभिन्न थानों में एफआईआर दर्ज की गई हैं।”
पुलिस ने सभी खाद्य व्यापारियों को चेतावनी दी है कि वे कानून का पालन करें। यदि दोबारा उल्लंघन पाया गया, तो कठोर कार्रवाई की जाएगी।
उल्लेखनीय है कि असम गोसंरक्षण अधिनियम, 2021 के तहत हिंदू, जैन और सिख बहुल क्षेत्रों तथा मंदिरों और वैष्णव सत्रों के 5 किलोमीटर के दायरे में गोमांस की बिक्री और वध पर प्रतिबंध है। हालांकि, राज्य में गोमांस सेवन पर पूर्ण रोक नहीं है।
