Chaibasa News:- टाटा स्टील में नौकरी दिलाने का सपना दिखाकर सैकड़ों युवाओं से लाखों रुपये की ठगी का गंभीर मामला पश्चिमी सिंहभूम जिले में सामने आया है। आरोप है कि एक युवक ने खुद को टाटा स्टील का अधिकृत वेंडर बताकर ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन के नाम पर लोगों से पैसे वसूले और बाद में फरार हो गया। इस घटना के बाद पीड़ितों में भारी आक्रोश और चिंता का माहौल है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, सूर्य प्रताप सिंह नामक युवक ने खुद को टाटा स्टील का आरबीसीबीडी वेंडर बताते हुए बेरोजगार युवाओं से संपर्क किया। उसने नौकरी दिलाने के लिए ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन अनिवार्य बताते हुए प्रति व्यक्ति 1075 रुपये शुल्क निर्धारित किया। भुगतान के लिए ज्योति कुमार के नाम से जारी एक क्यूआर कोड दिया गया, जिसके माध्यम से कुल 674 लोगों से राशि जमा कराई गई। इस तरह करीब 7 लाख 24 हजार रुपये की ठगी की गई।
मामले की शिकायत मझगांव थाना क्षेत्र के खड़पोस गांव निवासी नरेश दास ने पुलिस अधीक्षक अमित रेणु से की है। नरेश दास के अनुसार, उन्होंने स्वयं लगभग 250 लोगों का रजिस्ट्रेशन कराया था। इसके अलावा भवानी शंकर पान, लाल सिंह सिंकु, महेश दास, राजू सोरेन, दोमन मुर्मु और भगवान तापे ने भी कई लोगों का रजिस्ट्रेशन कराया, जो सभी इस ठगी का शिकार हो गए।
पीड़ितों को 4 दिसंबर को टाटा स्टील परिसर बुलाया गया था, जिससे उन्हें नौकरी मिलने का भरोसा और पुख्ता हो गया। लेकिन उसी दिन सूर्य प्रताप सिंह का मोबाइल फोन बंद हो गया और वह अचानक गायब हो गया। इसके बाद लोगों को अपने साथ हुई ठगी का अहसास हुआ।
इस संबंध में पुलिस अधीक्षक अमित रेणु ने बताया कि पूरे मामले की गंभीरता से जांच की जा रही है। दोषी पाए जाने वालों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने आम लोगों से अपील की है कि नौकरी दिलाने के नाम पर किसी को भी पैसे न दें और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत पुलिस को दें, ताकि समय रहते ठगों पर कार्रवाई की जा सके।

